अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump के प्रशासन ने एक चौंकाने वाला फैसला लिया है। उन्होंने अमेरिकी संसद (Congress) की समीक्षा प्रक्रिया को दरकिनार करते हुए Kuwait, Qatar और UAE जैसे खाड़ी देशों को 8.6 अरब डॉलर से अधिक के सैन्य हथियार बेचने की मंजूरी दे दी है। यह कदम उस समय उठाया गया है जब अमेरिका और Israel का ईरान के साथ युद्ध नौवें हफ्ते में पहुंच चुका है।

Kuwait को क्या मिलेगा और कितनी होगी लागत

कुवैत के लिए इस हथियारों की डील में बहुत बड़ी रकम शामिल है। अप्रैल 2026 की घोषणा के अनुसार, Kuwait को 2.5 अरब डॉलर का एक इंटीग्रेटेड बैटल कमांड सिस्टम दिया जाएगा। इससे पहले मार्च 2026 में भी एक बड़ी डील हुई थी, जिसमें 8 अरब डॉलर के LTAMDS रडार और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण शामिल थे। इन प्रणालियों को तैयार करने में RTX, Lockheed Martin और Northrop Grumman जैसी बड़ी कंपनियां मुख्य ठेकेदार के रूप में काम कर रही हैं।

बिना मंजूरी के डील कैसे हुई और क्या है वजह

आमतौर पर अमेरिका में हथियारों की बिक्री के लिए संसद की मंजूरी जरूरी होती है, लेकिन इस बार Trump प्रशासन ने Arms Export Control Act के एक दुर्लभ प्रावधान का इस्तेमाल किया। अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने इसे ‘इमरजेंसी’ घोषित किया, जिससे संसद की समीक्षा की जरूरत नहीं रही। प्रशासन का तर्क है कि ईरान की मिसाइलों और ड्रोन का खतरा बढ़ गया है, इसलिए खाड़ी देशों की रक्षा क्षमता को तेजी से बढ़ाना जरूरी था।

अमेरिका में इस फैसले पर क्यों मचा है बवाल

इस फैसले के बाद अमेरिकी राजनीति में विवाद शुरू हो गया है। हाउस फॉरेन अफेयर्स कमेटी के सदस्य Gregory W. Meeks ने इसे अधिकारों का दुरुपयोग बताया है। उनका कहना है कि सरकार पारदर्शिता को नजरअंदाज कर रही है और बिना किसी जवाबदेही के राष्ट्रीय सुरक्षा के बड़े फैसले ले रही है। उन्होंने यह भी दावा किया कि जिन हथियारों की इमरजेंसी घोषित की गई है, उनमें से कई अभी निर्यात के लिए तैयार भी नहीं हैं।

देश हथियार/सर्विस कीमत
Kuwait बैटल कमांड सिस्टम $2.5 अरब
Kuwait LTAMDS रडार $8 अरब
Qatar पैट्रियट डिफेंस सर्विस $4.01 अरब
Qatar APKWS सिस्टम $992.4 मिलियन
UAE APKWS सिस्टम $147.6 मिलियन
UAE अन्य हथियार (AMRAAM आदि) $8 अरब से ज्यादा
Israel APKWS सिस्टम $992.4 मिलियन
Jordan एयरक्राफ्ट और म्यूनिशन $70.5 मिलियन

Frequently Asked Questions (FAQs)

यह हथियारों की डील इतनी जल्दी क्यों की गई?

विदेश मंत्री Marco Rubio ने इसे इमरजेंसी बताया है क्योंकि ईरान के साथ युद्ध चल रहा है और खाड़ी देशों को अपने बुनियादी ढांचे को ड्रोन और मिसाइलों से बचाने के लिए तुरंत आधुनिक हथियारों की जरूरत है।

इस डील में कौन सी कंपनियां शामिल हैं?

इस बड़े सैन्य सौदे में BAE Systems, RTX, Lockheed Martin और Northrop Grumman जैसी प्रमुख अमेरिकी कंपनियां हथियार और डिफेंस सिस्टम सप्लाई कर रही हैं।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.