अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान पर होने वाले हमलों को रोक दिया है. उन्होंने दावा किया है कि ईरान के साथ एक बड़ा समझौता होने वाला है और इसकी तारीख और जगह का ऐलान जल्द किया जाएगा. इस खबर के बाद पूरी दुनिया की नजरें अब इस डील पर टिकी हैं कि क्या वाकई युद्ध टल जाएगा.
यूरोप में हो सकता है समझौते का साइन
President Trump ने बताया कि ईरान के साथ डील अब अंतिम चरण में है. उन्होंने संकेत दिया कि इस समझौते पर हस्ताक्षर इस शनिवार या रविवार (13-14 जून 2026) को यूरोप में हो सकते हैं. Trump के मुताबिक, इस डील के मुख्य बिंदुओं पर अमेरिका, Israel, Saudi Arabia, UAE, Qatar, Turkey, Pakistan, Bahrain, Kuwait, Jordan और Egypt जैसे देशों ने अपनी सहमति दे दी है.
ईरान और इसराइल ने जताई शंका
जहाँ एक तरफ अमेरिका बड़े दावे कर रहा है, वहीं ईरान और इसराइल की बातें कुछ अलग हैं. ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने कहा कि अभी तक किसी अंतिम नतीजे पर नहीं पहुँचा गया है. उन्होंने बताया कि अमेरिका के विरोधाभासी रुख की वजह से रुकावटें आ रही हैं और समझौते की जगह या समय को लेकर आ रही खबरें केवल अंदाजे हैं. इसी तरह, Israel के एक अधिकारी ने Channel 12 न्यूज़ को बताया कि उन्हें किसी फाइनल डील के बारे में जानकारी नहीं है.
Kuwait में हमला और मिलिट्री अपडेट
समझौते की चर्चाओं के बीच Kuwait से चिंताजनक खबर आई है. बताया गया कि ईरान ने Kuwait की जमीन को निशाना बनाया, जिससे वहां के एयरपोर्ट रडार को नुकसान पहुंचा और हवाई क्षेत्र को बंद करना पड़ा. दूसरी तरफ, Trump ने यह साफ किया कि ईरान के Kharg Island पर मिलिट्री ऑपरेशन अब नहीं किया जाएगा. हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि जब तक पूरा लेन-देन और समझौता फाइनल नहीं हो जाता, तब तक ईरान के बंदरगाहों की अमेरिकी नौसैनिक घेराबंदी (naval blockade) जारी रहेगी.
बाजार और अर्थव्यवस्था पर असर
राष्ट्रपति Trump के इस ऐलान का असर वैश्विक बाजारों पर तुरंत दिखा. जैसे ही हमलों को रोकने और समझौते की खबर आई, अमेरिकी शेयर बाजार में तेजी देखी गई और अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई.
