अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उन्हें ईरान की ड्रोन फैक्ट्रियों के ठिकानों की पूरी जानकारी है। इधर अरब सागर में दोनों देशों की सेनाओं के बीच आमने-सामने की स्थिति बन गई है, जहां ईरान ने अमेरिकी युद्धपोतों पर चेतावनी के तौर पर मिसाइल और ड्रोन दागने का दावा किया है। इस तनाव के बीच दोनों देशों के बीच पर्दे के पीछे बातचीत की भी खबरें सामने आ रही हैं।
ईरान के पास अभी भी हैं मिसाइल और ड्रोन: राष्ट्रपति ट्रंप
एनबीसी न्यूज (NBC News) को दिए इंटरव्यू में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के पास अभी भी लगभग 21 से 22 प्रतिशत मिसाइलें बची हुई हैं। ट्रंप ने साफ किया कि अमेरिका को ईरान के उन सभी ठिकानों की जानकारी है जहां ड्रोन बनाए जाते हैं। इसके साथ ही उन्होंने ईरान के सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई (Mojtaba Khamenei) से मुलाकात की इच्छा भी जताई है, बशर्ते दोनों देशों के बीच कोई ठोस समझौता हो सके। ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका के पास ईरान के संवर्धित यूरेनियम (enriched uranium) तक पहुंचने की क्षमता है, लेकिन फिलहाल इसकी कोई जरूरत नहीं दिखती है क्योंकि यह काफी जटिल काम है।
अरब सागर में अमेरिकी युद्धपोतों पर चलीं गोलियां और USS Gerald R. Ford को भारी नुकसान
ईरानी सेना ने दावा किया है कि उन्होंने अरब सागर में अमेरिकी युद्धपोतों की तरफ चेतावनी भरे शॉट दागे हैं, जिसके बाद दो अमेरिकी डिस्ट्रॉयर जहाजों को पीछे हटना पड़ा। इस कार्रवाई में ईरान ने खतरनाक सुसाइड ड्रोन और एंटी-शिप क्रूज मिसाइलों का इस्तेमाल किया। दूसरी ओर, अमेरिकी विमान वाहक पोत USS Gerald R. Ford को ईरान के खिलाफ अभियान के दौरान भारी नुकसान पहुंचने की खबर है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, इस युद्धपोत में आग लगने के कारण अब इसे बड़े पैमाने पर मरम्मत और रख-रखाव की जरूरत होगी।
परमाणु हथियारों और बातचीत पर क्या है ताजा अपडेट?
राष्ट्रपति ट्रंप के मुताबिक, बातचीत में ईरान इस बात पर सहमत हो गया है कि वह परमाणु हथियार नहीं रखेगा। दोनों देशों के बीच समझौते को लेकर चर्चा काफी तेजी से आगे बढ़ रही है। हाल ही में ट्रंप ने बताया था कि ईरान इस बात के लिए तैयार हो गया है कि मौजूदा जंग खत्म होने के बाद वह अपनी जमीन के नीचे दबे परमाणु पदार्थों की खोज के लिए अमेरिकी जांचकर्ताओं को मंजूरी देगा। हालांकि, जमीनी स्तर पर तनाव अब भी बरकरार है और अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने हाल ही में ईरान के कई हमलावर ड्रोनों को मार गिराया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत चल रही है?
हां, राष्ट्रपति ट्रंप के अनुसार दोनों देशों के बीच परमाणु हथियारों को न बनाने को लेकर बातचीत तेजी से चल रही है और ईरान अपने क्षेत्र में परमाणु सामग्री की जांच के लिए अमेरिकी टीम को मंजूरी देने के लिए तैयार हो गया है।
अरब सागर में क्या घटना हुई है?
ईरानी सेना ने दावा किया है कि उन्होंने अमेरिकी युद्धपोतों पर चेतावनी के लिए ड्रोन और मिसाइलें दागीं, जिसके बाद अमेरिकी जहाजों को पीछे हटना पड़ा। अमेरिकी सेना ने इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी है।
