Trump का ईरान को बड़ा झटका, सीज़फायर तो बढ़ाया लेकिन रखी शर्त, बोले ईरान की सरकार अंदर से टूटी हुई है
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान के साथ चल रहे सीज़फायर यानी युद्धविराम को आगे बढ़ाने का ऐलान किया है। ट्रंप ने साफ कहा कि यह विस्तार तब तक रहेगा जब तक ईरान के नेता आपस में सहमति बनाकर एक साझा प्रस्ताव पेश नहीं करते। ट्रंप का मानना है कि ईरान की लीडरशिप फिलहाल अंदरूनी विवादों की वजह से काफी बंटी हुई है।
सीज़फायर बढ़ाने की शर्तें और पाकिस्तान की भूमिका क्या है?
इस फैसले के पीछे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif और फील्ड मार्शल Asim Munir की कड़ी कोशिशें रही हैं। ट्रंप ने Truth Social पर पोस्ट किया कि उन्होंने सीज़फायर तो बढ़ा दिया है, लेकिन अमेरिकी सेना को ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी जारी रखने का आदेश दिया है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अगर ईरान किसी समझौते पर सहमत नहीं होता है, तो अमेरिकी सेना फिर से बमबारी शुरू कर सकती है।
ईरान क्यों बातचीत से पीछे हट रहा है?
ईरान इस समय अमेरिका की कुछ हरकतों से नाराज है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि अमेरिका ने उनके एक मालवाहक जहाज M/V Touska को जब्त किया है, जो सीज़फायर के नियमों का उल्लंघन है। ईरान के मुख्य वार्ताकार Mohammad Bagher Ghalibaf ने कहा कि वे धमकियों के साये में कोई बात नहीं करेंगे और जरूरत पड़ी तो युद्ध के मैदान में कड़े कदम उठाएंगे।
बातचीत की ताजा स्थिति और विवाद क्या है?
अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance को बातचीत के लिए पाकिस्तान जाना था, लेकिन उन्होंने अपनी यात्रा फिलहाल टाल दी है। वहीं, सीज़फायर खत्म होने के समय को लेकर भी दोनों देशों में अलग-अलग बातें हो रही हैं। ईरान का कहना है कि यह बुधवार सुबह खत्म हो जाएगा, जबकि ट्रंप के मुताबिक यह वाशिंगटन के समय के हिसाब से बुधवार रात तक चलेगा।