अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान पर होने वाले सैन्य हमले को फिलहाल टाल दिया है। यह बड़ा फैसला उन्होंने सऊदी अरब, UAE और कतर के बड़े नेताओं के अनुरोध के बाद लिया है। अब पूरी दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या ईरान और अमेरिका के बीच कोई शांति समझौता हो पाएगा या तनाव और बढ़ेगा।

सऊदी, UAE और कतर की अपील के बाद क्यों रुका हमला?

President Donald Trump ने अपने Truth Social अकाउंट पर जानकारी दी कि मंगलवार को ईरान पर होने वाला हमला अब टल गया है। उन्होंने बताया कि कतर के Emir Tamim bin Hamad Al Thani, सऊदी अरब के Crown Prince Mohammed bin Salman और UAE के President Mohamed bin Zayed ने उनसे इस हमले को रोकने की अपील की थी। Trump का कहना है कि अभी गंभीर बातचीत चल रही है और एक ऐसी डील हो सकती है जो अमेरिका और मध्य पूर्व के सभी देशों के लिए फायदेमंद होगी। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इस समझौते में ईरान के पास कोई परमाणु हथियार नहीं होंगे।

ईरान की शर्तें और अमेरिका की सख्त चेतावनी

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने बताया कि उन्होंने पाकिस्तान के जरिए शांति समझौते के लिए अपनी नई शर्तें अमेरिका को भेजी हैं। ईरान का कहना है कि परमाणु संवर्धन (nuclear enrichment) उनका अधिकार है और इस मुद्दे पर वे कोई समझौता नहीं करेंगे। वहीं, अमेरिका की तरफ से एक अधिकारी ने ईरान के प्रस्ताव को नाकाफी बताया है और चेतावनी दी है कि अगर ईरान ने सही जवाब नहीं दिया, तो बातचीत बमों के जरिए होगी। इसके बावजूद Trump ने Secretary of War Pete Hegseth और General Daniel Caine को आदेश दिया है कि वे किसी भी समय बड़े हमले के लिए पूरी तरह तैयार रहें।

खाड़ी देशों में बढ़ता तनाव और जहाजों पर असर

क्षेत्र में स्थिति अभी भी तनावपूर्ण बनी हुई है। ईरान ने Strait of Hormuz को मैनेज करने के लिए Persian Gulf Strait Authority (PGSA) नाम की एक नई संस्था बनाई है और अब वहां से गुजरने वाले जहाजों से शुल्क वसूलने की योजना है। इसी बीच, UAE के एक परमाणु ऊर्जा संयंत्र (nuclear power plant) पर ड्रोन हमला हुआ है जिससे डर और बढ़ गया है। U.S. Central Command ने बताया कि Trump की नाकाबंदी की वजह से 84 कमर्शियल जहाजों को ईरानी बंदरगाहों से अपना रास्ता बदलना पड़ा है और चार जहाजों को रोक दिया गया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Trump ने ईरान पर हमला क्यों नहीं किया?

Trump ने कतर, सऊदी अरब और UAE के नेताओं के अनुरोध पर हमला टाल दिया है ताकि बातचीत के जरिए कोई ऐसा समझौता हो सके जिसमें ईरान परमाणु हथियार न रखे।

ईरान का इस मामले पर क्या कहना है?

ईरान ने पाकिस्तान के जरिए अपनी नई शर्तें भेजी हैं और साफ किया है कि वे परमाणु संवर्धन के अपने अधिकार पर कोई समझौता नहीं करेंगे।