Donald Trump ने कहा है कि ईरान के साथ शांति समझौता अब बहुत करीब है और पिछले 24 घंटों में दोनों पक्षों के बीच अच्छी बातचीत हुई है। ट्रंप के मुताबिक अगर ईरान प्रस्तावित शर्तों को मान लेता है तो युद्ध जल्द ही खत्म हो जाएगा। हालांकि, इस दावे के बीच ही दोनों देशों के बीच तनाव फिर से बढ़ गया है जिससे दुनिया भर में चिंता है।

ℹ️: Trump ने ईरान हमले को कहा हल्का थप्पड़, अब दी चेतावनी कि समझौता नहीं हुआ तो होगी और बड़ी बमबारी

Trump और ईरान के बीच डील को लेकर क्या है अपडेट

Donald Trump ने 7 मई 2026 को बयान दिया कि ईरान के साथ समझौता होने की पूरी उम्मीद है। उन्होंने साफ किया कि अगर डील नहीं होती है तो अमेरिका पहले के मुकाबले और भी ज्यादा तीव्रता के साथ बमबारी करेगा। दूसरी तरफ ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने बताया कि वे अमेरिकी प्लान की समीक्षा कर रहे हैं और अपना जवाब Pakistan के जरिए भेजेंगे। ईरान के कुछ अधिकारियों ने इस अमेरिकी प्रस्ताव को सिर्फ अपनी इच्छाओं की एक लिस्ट बताया है।

शांति समझौते के बीच फिर हुए हमले, कौन है जिम्मेदार

  • ईरान का आरोप: ईरान ने अमेरिका पर ceasefire के उल्लंघन का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि 7 मई को अमेरिका ने Strait of Hormuz में दो जहाजों और नागरिक इलाकों को निशाना बनाया।
  • अमेरिका का जवाब: US Central Command ने इन हमलों को ‘defensive strikes’ बताया है। अमेरिका का कहना है कि ये हमले ईरान द्वारा किए गए बिना उकसावे वाले हमलों के जवाब में किए गए थे।
  • आर्थिक पाबंदियां: US Treasury Department ने एक इराकी अधिकारी और कई फर्मों पर प्रतिबंध लगाए हैं, क्योंकि उन पर ईरान समर्थित मिलिशिया को फंड पहुंचाने का आरोप है।

Pakistan और Saudi Arabia की क्या भूमिका रही

इस पूरे विवाद को सुलझाने में Pakistan एक मध्यस्थ के तौर पर काम कर रहा है। प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif और आर्मी चीफ Gen. Asim Munir ने पहले भी ceasefire कराने में मदद की थी। Saudi Arabia ने भी शांति प्रयासों का स्वागत किया है क्योंकि वह क्षेत्र में स्थिरता चाहता है। इसके अलावा फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron ने ईरान के राष्ट्रपति Pezeshkian से बात की और Strait of Hormuz में जहाजों पर लगी पाबंदियों को हटाने की अपील की है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Donald Trump ने ईरान को क्या चेतावनी दी है

Trump ने कहा कि अगर ईरान शांति समझौते की शर्तों को नहीं मानता है, तो अमेरिका बहुत ऊंचे स्तर और तीव्रता के साथ बमबारी फिर से शुरू कर देगा।

ईरान ने अमेरिका पर क्या आरोप लगाए हैं

ईरान का दावा है कि अमेरिका ने ceasefire का उल्लंघन किया और 7 मई 2026 को Strait of Hormuz में दो जहाजों और आम नागरिक इलाकों पर हमला किया।