अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को लेकर दो बड़े रास्ते बताए हैं। उन्होंने कहा है कि या तो ईरान के साथ समझौता किया जाए या फिर सैन्य हमला करके उन्हें खत्म कर दिया जाए। इस बीच अमेरिका के अंदर इस युद्ध को लेकर कानूनी खींचतान चल रही है क्योंकि सैन्य कार्रवाई की समय सीमा खत्म हो रही है।
🚨: Ceasefire के बीच Israel का हमला, Lebanon में बच्चों समेत 12 लोगों की मौत, मचा हाहाकार।
अमेरिका में युद्ध के नियमों को लेकर क्या है विवाद?
अमेरिका और ईरान के बीच यह लड़ाई 28 फरवरी 2026 को शुरू हुई थी। अमेरिका के कानून (War Powers Resolution) के मुताबिक, किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए 60 दिनों के बाद संसद की मंजूरी जरूरी होती है और यह समय सीमा 1 मई 2026 को पूरी हो रही है। Donald Trump का कहना है कि 7 अप्रैल को युद्धविराम (ceasefire) हो गया था, इसलिए अब उन्हें संसद की अनुमति की जरूरत नहीं है। हालांकि, विपक्षी डेमोक्रेट्स इस बात को गलत बता रहे हैं। उनका कहना है कि ईरान के तेल निर्यात पर लगी पाबंदी अभी भी जारी है, जो अपने आप में युद्ध का हिस्सा है।
क्या अमेरिका ईरान पर फिर से हमला करेगा?
- सैन्य योजना: US Central Command के प्रमुख Admiral Bradley Cooper ने राष्ट्रपति ट्रंप को सैन्य विकल्पों की जानकारी दी है, जिसमें ईरान के जरूरी ठिकानों पर छोटे लेकिन असरदार हमले करना शामिल है।
- ईरान की चेतावनी: ईरान के एक वरिष्ठ कमांडर ने साफ कहा है कि अगर अमेरिका ने दोबारा हमला किया, तो उसका जवाब बहुत बड़ा और दर्दनाक होगा।
- शांति की कोशिश: पाकिस्तान इस समय दोनों देशों के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और शांति बातचीत की कोशिश कर रहा है। लेकिन ट्रंप का कहना है कि वह ईरान के नए प्रस्तावों से संतुष्ट नहीं हैं।
इस लड़ाई का असर अन्य देशों पर कैसे पड़ रहा है?
इस तनाव का असर अब यूरोप तक पहुँच गया है। पेंटागन जर्मनी से करीब 5,000 अमेरिकी सैनिकों को वापस बुलाने की तैयारी कर रहा है। सरकारी अधिकारियों ने संकेत दिया है कि ट्रंप यूरोपीय सहयोगियों द्वारा इस युद्ध में दी जा रही मदद से खुश नहीं हैं, इसलिए यह कदम उठाया जा रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
अमेरिका और ईरान के बीच विवाद कब शुरू हुआ?
अमेरिका और ईरान के बीच यह सैन्य संघर्ष 28 फरवरी 2026 को शुरू हुआ था, जिसके बाद कई हवाई हमले और तनाव देखा गया।
War Powers Resolution क्या है और ट्रंप के लिए यह क्यों जरूरी है?
यह एक कानून है जिसके तहत राष्ट्रपति को 60 दिनों के बाद सैन्य कार्रवाई जारी रखने के लिए अमेरिकी संसद की मंजूरी लेनी पड़ती है। 1 मई 2026 इसी की समय सीमा है।