पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने एक बड़ा ऐलान करते हुए कहा है कि ईरान के साथ उनकी सकारात्मक बातचीत चल रही है। उन्होंने निर्देश दिया है कि अगले 5 दिनों तक ईरान के बिजली घरों और ऊर्जा ठिकानों पर कोई भी हमला नहीं किया जाएगा। ट्रम्प के इस दावे के तुरंत बाद ईरान के विदेश मंत्रालय ने प्रतिक्रिया दी है। ईरान ने साफ कहा है कि अमेरिका के साथ किसी भी तरह की कोई सीधी या अप्रत्यक्ष बातचीत नहीं हो रही है। तेहरान के आम लोग इस स्थिति को लेकर काफी परेशान हैं और उन्हें ट्रम्प के वादे पर भरोसा नहीं हो रहा है।

ईरान और अमेरिका के बीच दावों की सच्चाई

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाही ने कहा कि पिछले 24 दिनों में अमेरिका के साथ किसी भी तरह की चर्चा नहीं हुई है। ट्रम्प का दावा है कि बातचीत रविवार रात को हुई थी, लेकिन ईरान इसे सिर्फ समय खराब करने की चाल बता रहा है। ईरान के सरकारी मीडिया का कहना है कि ट्रम्प ऊर्जा की कीमतें कम करने के लिए इस तरह के बयान दे रहे हैं। तुर्की, मिस्र और पाकिस्तान जैसे देश दोनों देशों के बीच संदेश पहुंचाने का काम कर रहे हैं, लेकिन फिलहाल किसी समझौते की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

आम जनता पर असर और मुख्य जानकारी

तेहरान के बाजारों में इस समय डर का माहौल है। लोग आने वाले दिनों में बड़े संकट की आशंका में जनरेटर, बैटरी, टॉर्च और खाने का सामान जमा कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर ईरानी नागरिक अपनी चिंताएं जाहिर कर रहे हैं कि अगर हमले हुए तो पूरा इंफ्रास्ट्रक्चर बर्बाद हो सकता है।

मुख्य बिंदु विवरण
हमलों पर रोक 5 दिनों के लिए टालने का निर्देश
ईरान का स्टैंड बातचीत की बात को पूरी तरह नकारा
मध्यस्थ देश तुर्की, मिस्र और पाकिस्तान
ट्रम्प की मांग परमाणु हथियार और मिसाइल प्रोग्राम पर रोक
तेहरान के हालात लोग राशन और ईंधन जमा कर रहे हैं