अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump ने एक बड़ा ऐलान किया है कि ईरान के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता होने जा रहा है. इस डील के तहत ईरान ने वादा किया है कि वह किसी भी हाल में परमाणु हथियार हासिल नहीं करेगा. ट्रंप के मुताबिक अब ईरान न तो परमाणु हथियार खरीदेगा और न ही उन्हें खुद विकसित करेगा.

इस समझौते के बारे में ट्रंप ने कुछ खास बातें साफ की हैं. उन्होंने बताया कि इस डील के लिए किसी भी तरह के पैसों का लेन-देन नहीं किया जाएगा. साथ ही, परमाणु सामग्री को अभी तुरंत हटाने की कोई जरूरत नहीं है, लेकिन जब हालात शांत हो जाएंगे तब अमेरिका इन सामग्रियों को सुरक्षित तरीके से नष्ट कर देगा. ट्रंप ने यह भी कहा कि समझौता साइन होते ही हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को तुरंत फिर से खोल दिया जाएगा.

दूसरी तरफ, ईरान की सरकार ने साइन करने की तारीख को लेकर अलग बात कही है. ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने कहा कि समझौते पर साइन करने की तारीख अभी तय नहीं हुई है और यह कल नहीं होगा. हालांकि, उन्होंने यह नहीं नकारा कि आने वाले कुछ दिनों में ऐसा हो सकता है. ईरान के अन्य सूत्रों का कहना है कि अभी कानूनी और तकनीकी जांच चल रही है.

इस पूरी बातचीत में पाकिस्तान और कतर अहम भूमिका निभा रहे हैं. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif ने उम्मीद जताई कि यह समझौता बहुत जल्द हो सकता है और इसके लिए इलेक्ट्रॉनिक साइन का इस्तेमाल किया जा सकता है. कतरी बातचीत करने वाले लोग भी इस डील को पूरा करने के लिए तेहरान पहुंचे थे.

वहीं, International Atomic Energy Agency (IAEA) की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के पास फिलहाल 440.9 किलोग्राम यूरेनियम है जिसकी शुद्धता 60% है. यह मात्रा परमाणु हथियार बनाने के बहुत करीब मानी जाती है. ट्रंप ने यह भी जिक्र किया कि लेबनान में इसराइल के हालिया हमलों की वजह से इस समझौते को अंतिम रूप देने में कुछ रुकावटें आ सकती हैं.