अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा है कि ईरान के साथ चल रहा युद्ध बहुत जल्द खत्म हो जाएगा. इस खबर के बाद ग्लोबल मार्केट में तेल की कीमतों में गिरावट देखी गई है. अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने भी पुष्टि की है कि दोनों देशों के बीच बातचीत में काफी तरक्की हुई है और अब शांति की उम्मीद जगी है.
अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में क्या हुआ
राष्ट्रपति Donald Trump ने बताया कि ईरान इस समय समझौता करने के लिए बहुत उत्सुक है. अमेरिका की सबसे बड़ी शर्त यह है कि ईरान किसी भी हाल में परमाणु हथियार नहीं बनाएगा. इस मामले पर कुछ मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
- उपराष्ट्रपति JD Vance ने कहा कि बातचीत में काफी प्रगति हुई है और कोई भी पक्ष दोबारा जंग नहीं चाहता.
- Trump ने कहा कि वह चाहते हैं कि यह मामला बहुत अच्छे तरीके से सुलझ जाए.
- हालांकि, उन्होंने यह चेतावनी भी दी कि अगर समझौता नहीं हुआ तो अमेरिका फिर से हमला कर सकता है.
नए प्रतिबंध और ईरान की कड़ी चेतावनी
एक तरफ जहां बातचीत चल रही है, वहीं दूसरी तरफ अमेरिका ने कड़े कदम भी उठाए हैं. US Department of the Treasury के OFAC ऑफिस ने ईरान पर नए प्रतिबंध लगाए हैं. इन प्रतिबंधों में 50 से ज्यादा कंपनियां, लोग और जहाज शामिल हैं जो तेहरान की कमाई का जरिया थे. इस पर ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने चेतावनी दी है कि अगर दुश्मनी फिर से शुरू हुई तो उनके पास कई सरप्राइज तैयार हैं.
खाड़ी देशों ने कैसे रुकवाया अमेरिकी हमला
खबरों के मुताबिक, Donald Trump ने 19 मई 2026 को ईरान पर होने वाले एक सैन्य हमले को रद्द कर दिया था. यह फैसला कतर, सऊदी अरब और UAE के नेताओं के अनुरोध के बाद लिया गया. इन देशों को डर था कि अगर हमला होता है तो ईरान पलटवार करेगा जिससे उनके बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंच सकता था. इन देशों ने Trump से बातचीत के लिए दो तीन दिन का समय मांगा था जिसके बाद हमला टाल दिया गया.
Frequently Asked Questions (FAQs)
तेल की कीमतों में गिरावट क्यों आई है
राष्ट्रपति Trump और उपराष्ट्रपति JD Vance के बयानों के बाद ईरान के साथ शांति समझौते की उम्मीद जगी है, जिससे मार्केट में तेल की कीमतें गिर गईं.
अमेरिका की ईरान से मुख्य मांग क्या है
अमेरिका की सबसे प्रमुख शर्त यह है कि ईरान कभी भी परमाणु हथियार हासिल न करे.
