अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने खुलासा किया है कि ईरान के साथ बातचीत बंद कमरों में चल रही है। उन्होंने कहा कि इस बातचीत की असली स्थिति के बारे में उनके प्रशासन के सिर्फ कुछ ही लोगों को पता है। वहीं दूसरी ओर, वाशिंगटन में राष्ट्रपति की सैन्य शक्तियों और सैन्य अभियानों के कानूनी अधिकार को लेकर तनाव बढ़ गया है।
ईरान के साथ गुप्त बातचीत और ट्रंप का दावा
President Trump ने 30 अप्रैल 2026 को बताया कि ईरान के साथ बातचीत आगे बढ़ रही है। उन्होंने साफ़ कहा कि उनके और कुछ खास लोगों के अलावा किसी को नहीं पता कि बातचीत में क्या चल रहा है। ट्रंप का मानना है कि ईरान बहुत बुरी तरह से डील करना चाहता है। उन्होंने बताया कि Strait of Hormuz की नाकेबंदी से ईरान की अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान हुआ है, जिससे उन पर दबाव बढ़ा है। ट्रंप ने यह भी कहा कि जब कोई समझौता हो जाएगा, तब इस नाकेबंदी को हटा लिया जाएगा।
वॉर पावर्स और कानूनी विवाद क्या है
अमेरिका में राष्ट्रपति की सैन्य शक्तियों को लेकर बहस चल रही है। US Secretary of War Pete Hegseth ने सीनेट कमेटी के सामने प्रशासन का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि मौजूदा युद्धविराम की वजह से 1973 के ‘War Powers Resolution’ की 60 दिनों की समय सीमा रुक गई है। वैसे यह समय सीमा 1 मई 2026 को खत्म होनी थी। ट्रंप ने उन कोशिशों की आलोचना की जिनमें कांग्रेस उनकी सैन्य शक्तियों को सीमित करना चाहती है। व्हाइट हाउस की प्रवक्ता Anna Kelly ने कहा कि राष्ट्रपति ने इस मामले में कांग्रेस को पूरी जानकारी दी है और प्रशासन डिप्लोमेसी को प्राथमिकता दे रहा है।
ईरान की प्रतिक्रिया और पाकिस्तान यात्रा का रद्द होना
ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने अमेरिकी नाकेबंदी की आलोचना की और इसे सैन्य दबाव बताया। उन्होंने अमेरिका और इजरायल पर खाड़ी देशों में तनाव बढ़ाने का आरोप लगाया। वहीं, एक अमेरिकी दल जिसमें VP JD Vance, Jared Kushner और Steve Witkoff शामिल थे, उनके पाकिस्तान जाने की योजना थी। लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप ने इस यात्रा को अचानक रद्द कर दिया। ईरान ने भी पाकिस्तान में अमेरिकी प्रतिनिधियों के साथ सीधी बातचीत से इनकार किया है और कहा है कि पाकिस्तानी अधिकारी संदेश पहुँचा सकते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या अमेरिका और ईरान के बीच सीधी बातचीत हो रही है?
राष्ट्रपति ट्रंप के मुताबिक बातचीत बंद कमरों में चल रही है और इसकी जानकारी बहुत सीमित लोगों को है। हालांकि, ईरान ने पाकिस्तान में सीधी मुलाकात से इनकार किया है।
वॉर पावर्स रेजोल्यूशन (War Powers Resolution) का मामला क्या है?
इस नियम के तहत राष्ट्रपति को सैन्य कार्रवाई के 60 दिनों के भीतर कांग्रेस की मंजूरी लेनी होती है। इस बार यह समय सीमा 1 मई 2026 को खत्म होनी थी, जिस पर कानूनी बहस चल रही है।