अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने एक चौंकाने वाली जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि अमेरिकी सेना ईरान पर हमला करने से सिर्फ एक घंटे दूर थी, लेकिन आखिरी मौके पर इस हमले को रोक दिया गया। इस बड़े फैसले के पीछे खाड़ी देशों के नेताओं की कोशिशें थीं, जिन्होंने युद्ध को टालने के लिए ट्रंप से अपील की थी।
📰: US-Iran Tension: ट्रंप ने आखिरी मौके पर रोका हमला, अब JD Vance की चेतावनी से दुनिया में मची हलचल।
ईरान पर हमले को क्यों रोका गया और किसने की अपील?
President Trump ने बताया कि उन्होंने कतर के अमीर तमीम बिन हमद अल Thani, सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और UAE के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल-नह्यान की अपील पर हमला रोक दिया। इन नेताओं ने ट्रंप से दो-तीन दिन का समय मांगा ताकि बातचीत के जरिए मामला सुलझ सके। Gulf देशों को यह डर था कि अगर अमेरिका हमला करता है, तो ईरान जवाबी कार्रवाई में उनके तेल और ऊर्जा केंद्रों को निशाना बना सकता है।
क्या अब भी युद्ध का खतरा बना हुआ है?
Trump ने साफ किया है कि अमेरिकी सेना किसी भी पल बड़े हमले के लिए तैयार है। उन्होंने ईरान को परमाणु समझौता करने के लिए एक सीमित समय दिया है और चेतावनी दी है कि अमेरिका तेहरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देगा। दूसरी तरफ, ईरान की सेना ने 19 मई को चेतावनी दी कि अगर अमेरिका ने फिर से हमले शुरू किए, तो वे नए मोर्चे खोल देंगे। बता दें कि 18 मई को UAE के बराका न्यूक्लियर पावर प्लांट में ड्रोन हमले से आग लग गई थी, जिससे तनाव और बढ़ गया है।
दुनिया की अर्थव्यवस्था और Strait of Hormuz का क्या हाल है?
G7 देशों के वित्त मंत्रियों ने हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को तुरंत खोलने की मांग की है, क्योंकि यह वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बहुत जरूरी है। ईरान ने इस रास्ते पर अपना नियंत्रण कड़ा कर दिया है और ‘पर्शियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी’ बनाकर जहाजों के लिए नए नियम लागू किए हैं। साथ ही, अमेरिका ईरान पर आर्थिक दबाव बढ़ाने के लिए तेल जहाजों और एक्सचेंज फर्मों पर नए प्रतिबंध लगा रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Gulf देशों ने ट्रंप को हमला रोकने के लिए क्यों कहा?
सऊदी अरब, UAE और कतर के नेताओं को डर था कि ईरान जवाबी हमले में उनके तेल और बिजली बुनियादी ढांचे को तबाह कर सकता है, जिससे क्षेत्र में बड़ी तबाही मच सकती थी।
ईरान और अमेरिका के बीच विवाद की मुख्य वजह क्या है?
मुख्य विवाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम और यूरेनियम संवर्धन को लेकर है। अमेरिका चाहता है कि ईरान अपने यूरेनियम के भंडार को पूरी तरह खत्म करे।
