अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump ने संकेत दिया है कि ईरान के साथ बातचीत का दूसरा दौर जल्द शुरू हो सकता है। यह मुलाकात पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में होने की संभावना है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी नौसेना ने कड़ी नाकेबंदी कर रखी है।

पिछली बातचीत और अभी के हालात क्या हैं?

अमेरिका और ईरान के बीच पहली बातचीत 11 और 12 अप्रैल 2026 को इस्लामाबाद के Serena होटल में हुई थी। यह मीटिंग करीब 21 घंटे तक चली थी लेकिन कोई ठोस नतीजा नहीं निकल पाया था। अब Trump ने न्यूयॉर्क पोस्ट को दिए एक इंटरव्यू में कहा है कि अगले दो दिनों में बातचीत फिर से शुरू हो सकती है। व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने भी माना है कि अतिरिक्त वार्ताओं पर विचार किया जा रहा है लेकिन अभी तक तारीख तय नहीं हुई है।

बातचीत में कौन शामिल है और मुख्य मुद्दे क्या हैं?

इस कूटनीतिक प्रयास में अमेरिका, ईरान और पाकिस्तान की मुख्य भूमिका है। Trump ने पाकिस्तान के सेना प्रमुख Asim Munir की तारीफ करते हुए उन्हें इस प्रक्रिया में बहुत अहम बताया है। मुख्य विवाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम को बंद करने और होर्मुज जलडमरूमध्य को बिना किसी शुल्क के पूरी तरह खोलने को लेकर है।

देश प्रमुख व्यक्ति/संस्था
संयुक्त राज्य अमेरिका Donald Trump, जे.डी. वेंस, स्टीव विटकॉफ, जेरेड कुशनर
ईरान मोहम्मद बागर क़ालिबफ, अब्बास अराक्ची, रिवोल्यूशनरी गार्ड्स
पाकिस्तान सेना प्रमुख आसिम मुनीर, पीएम शहबाज शरीफ, इशाक डार

होर्मुज जलडमरूमध्य में नाकेबंदी का क्या असर है?

13 अप्रैल 2026 को अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य में ईरानी बंदरगाहों से आने-जाने वाले जहाजों पर नौसैनिक नाकेबंदी लगा दी है। इस ऑपरेशन में 10,000 से अधिक अमेरिकी सैनिक शामिल हैं। Trump ने चेतावनी दी है कि यदि कोई ईरानी जहाज इस नाकेबंदी के करीब आता है तो उसे तुरंत खत्म कर दिया जाएगा। दूसरी तरफ ईरान ने इस कदम को समुद्री डकैती कहा है और जवाबी हमला करने की धमकी दी है।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.