अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump तुर्की के Ankara में हुए NATO समिट में शामिल हुए। यहाँ उन्होंने ईरान के खिलाफ युद्ध और अपने साथी देशों के व्यवहार पर बड़ी बातें कीं। ट्रम्प ने साफ कर दिया कि ईरान के साथ ceasefire अब खत्म हो गया है और अमेरिका अपने हमले फिर से शुरू करेगा।
ट्रम्प ने कहा कि जिन देशों ने शुरुआत में ईरान के खिलाफ युद्ध में अमेरिका और Israel का साथ नहीं दिया, वह एक गलत समय था। हालांकि, उन्होंने Spain, Italy, UK और France जैसे देशों की कड़ी आलोचना की। उन्होंने Spain को एक बहुत बुरा पार्टनर बताया और अपने Treasury Secretary को स्पेन के साथ सारा व्यापार रोकने का आदेश दिया।
इस समिट के दौरान ट्रम्प ने फिर से Greenland पर अपना दावा जताया, जो Denmark का हिस्सा है। इस पर Greenland के प्रधानमंत्री Jens-Frederik Nielsen ने साफ कहा कि Greenland बिकाऊ नहीं है और Denmark नाटो के हर हिस्से की रक्षा करेगा। वहीं स्पेन के प्रधानमंत्री Pedro Sánchez ने कहा कि अमेरिका और स्पेन के रिश्ते अभी भी अच्छे हैं।
ईरान के साथ चल रहे तनाव पर ट्रम्प ने कहा कि ceasefire का समय अब खत्म हो गया और वह समझौता समय की बर्बादी था। Strait of Hormuz में व्यापारिक जहाजों पर हुए हमलों के बाद अमेरिका ने फिर से ईरान पर हमले शुरू कर दिए हैं। ट्रम्प ने चेतावनी दी कि वह ईरान की किलिंग लिस्ट में नंबर एक पर हैं और भविष्य में ईरान के बुनियादी ढांचे को तबाह किया जा सकता है।
NATO के महासचिव Mark Rutte ने अमेरिका के हमलों को बिल्कुल ज़रूरी बताया और ट्रम्प का समर्थन किया। रुट्टे ने कहा कि यूरोप और कनाडा ने अपनी रक्षा पर जो खर्च बढ़ाया है, वह ट्रम्प की जीत है और पुतिन के लिए हार है।
