अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने Strait of Hormuz में जहाजों को सुरक्षा देने के लिए जो ‘Project Freedom’ शुरू किया था, उसे अब रोक दिया गया है। यह फैसला तब आया जब सऊदी अरब ने अमेरिकी विमानों को अपना हवाई रास्ता (airspace) और Prince Sultan Airbase इस्तेमाल करने से मना कर दिया। NBC News की रिपोर्ट के मुताबिक, सऊदी के इस इनकार के बाद यह मिशन सैन्य रूप से नामुमकिन हो गया है।
सऊदी अरब ने अमेरिकी विमानों को रास्ता देने से क्यों किया मना?
सऊदी अरब ने साफ तौर पर कह दिया कि अमेरिकी विमान उनके इलाके के हवाई रास्ते और रियाद के पास मौजूद Prince Sultan Airbase का उपयोग नहीं कर पाएंगे। राष्ट्रपति Trump और सऊदी क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman के बीच फोन पर बात हुई, लेकिन इस मसले का कोई हल नहीं निकला। सऊदी अरब के सूत्रों का कहना है कि वे पाकिस्तान की मदद से अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत और कूटनीतिक कोशिशों का पूरा समर्थन करते हैं।
Project Freedom और ऑपरेशन एपिक फ्यूरी की मौजूदा स्थिति क्या है?
- Project Freedom: Trump ने इसे 3 मई 2026 को शुरू किया था, लेकिन 5 मई की शाम को इसे रोकने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की मध्यस्थता से ईरान के साथ बातचीत में अच्छी प्रगति हुई है।
- नेवल ब्लॉकेड: हालांकि एस्कॉर्ट मिशन रुक गया है, लेकिन ईरान के बंदरगाहों की समुद्री नाकाबंदी पूरी तरह जारी रहेगी।
- Operation Epic Fury: अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने बताया कि ईरान के खिलाफ चलाया गया यह सैन्य अभियान अब खत्म हो चुका है और अमेरिका अब केवल रक्षात्मक रुख अपनाएगा।
NATO और अन्य देशों की इस पर क्या प्रतिक्रिया रही?
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री Keir Starmer समेत कई NATO देशों ने इस मिशन में शामिल होने से इनकार कर दिया है। उनका कहना है कि इस ऑपरेशन के लिए UN, EU या NATO का कोई आदेश नहीं था। वहीं, ओमान और कतर जैसे खाड़ी देशों को Trump के इस अचानक ऐलान से काफी हैरानी हुई। दूसरी तरफ, ईरान ने दावा किया है कि उसकी सेना तैयार है और उसने अमेरिकी जहाजों पर चेतावनी के तौर पर फायरिंग भी की है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Trump ने Project Freedom को क्यों रोका?
सऊदी अरब ने अमेरिकी विमानों को अपने हवाई क्षेत्र और Prince Sultan Airbase का उपयोग करने की अनुमति नहीं दी, जिससे यह ऑपरेशन सैन्य रूप से संभव नहीं रहा।
क्या ईरान की समुद्री नाकाबंदी खत्म हो गई है?
नहीं, राष्ट्रपति Trump ने साफ किया है कि ईरान के बंदरगाहों की नेवल ब्लॉकेड (समुद्री नाकाबंदी) पूरी तरह से लागू रहेगी।