अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बहुत बढ़ गया है। सोमवार, 8 जून 2026 को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के पास अमेरिका का एक अत्याधुनिक अपाचे हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त होकर समुद्र में गिर गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मंगलवार, 9 जून 2026 को दावा किया कि ईरान ने इस हेलीकॉप्टर को मार गिराया है। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर साफ कहा कि अमेरिका को इस हरकत का करारा जवाब देना होगा। राहत की बात यह है कि हेलीकॉप्टर में मौजूद दोनों अमेरिकी पायलट पूरी तरह सुरक्षित हैं।

कैसे हुआ यह हादसा और पायलटों को किसने बचाया?

यह घटना सोमवार, 8 जून 2026 को ओमान के तट के पास होर्मुज जलडमरूमध्य में क्षेत्रीय जल क्षेत्र की गश्त के दौरान हुई। अमेरिकी सेना का AH-64 Apache हेलीकॉप्टर अचानक समुद्र में गिर गया। इसके बाद अमेरिकी सैन्य इतिहास में पहली बार एक अनोखा रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया।

  • हादसे के लगभग दो घंटे के भीतर दोनों पायलटों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
  • इस रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए अमेरिकी नौसेना के Task Force 59 द्वारा संचालित Corsair सर्फेस ड्रोन का इस्तेमाल किया गया।
  • अमेरिकी सेना के इतिहास में यह पहली बार है जब पानी में फंसे लोगों को बचाने के लिए किसी ड्रोन का उपयोग किया गया है।
  • अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि दोनों पायलट अब स्थिर स्थिति में हैं।

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का बयान और ईरान की प्रतिक्रिया

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 9 जून 2026 को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर इस घटना की जानकारी देते हुए ईरान को घेरा। ट्रम्प ने लिखा कि ईरानियों ने हमारे गश्त कर रहे एक अत्याधुनिक अपाचे हेलीकॉप्टर को मार गिराया है और अमेरिका इस हमले का जवाब जरूर देगा।

इस पूरे मामले पर अमेरिकी सेना और ईरान की तरफ से यह आधिकारिक बातें सामने आई हैं:

  • अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार शुरुआती जांच से पता चलता है कि हेलीकॉप्टर को गिराने के लिए ईरान के एक ड्रोन का इस्तेमाल किया गया था, हालांकि यह हमला जानबूझकर किया गया था या नहीं इसकी जांच जारी है।
  • अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के प्रवक्ता ने बताया कि हेलीकॉप्टर के गिरने के असली कारणों का पता लगाने के लिए गहन जांच की जा रही है।
  • ईरानी सरकारी मीडिया ने इस हादसे की खबर तो साझा की है, लेकिन हमले की जिम्मेदारी सीधे तौर पर नहीं ली है।
  • ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के एरोस्पेस कमांडर मजीद मौसवी और संसद अध्यक्ष मोहम्मद गालिबफ ने सोशल मीडिया पर कहा कि वे बातचीत पसंद करते हैं लेकिन समझौते टूटने पर वे दूसरी भाषा में भी जवाब देने के लिए तैयार हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिकी अपाचे हेलीकॉप्टर का हादसा कब और कहां हुआ था?

यह हादसा सोमवार, 8 जून 2026 को ओमान के तट के पास होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में हुआ था, जहां यह हेलीकॉप्टर नियमित गश्त पर था।

हेलीकॉप्टर के पायलटों को किसने और कैसे सुरक्षित निकाला?

दोनों अमेरिकी पायलटों को हादसे के दो घंटे के भीतर अमेरिकी नौसेना के Task Force 59 के ‘Corsair’ नामक एक पानी पर तैरने वाले मानव रहित ड्रोन की मदद से सुरक्षित बचा लिया गया।

इस हादसे पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने क्या कहा है?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि ईरान ने अमेरिकी हेलीकॉप्टर को निशाना बनाया है और अमेरिका इसका जवाब जरूर देगा, साथ ही उन्होंने दोनों पायलटों के सुरक्षित होने की भी पुष्टि की।