अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान की सैन्य क्षमता को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. Saudi News की 16 मार्च 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने कहा है कि ईरान अब एक कमज़ोर सैन्य ताक़त बन चुका है. लगातार हो रहे हमलों के बाद ईरान की सेना ने अपनी ज़्यादातर ताक़त खो दी है. इस समय अमेरिका और इज़राइल मिलकर ईरान के सैन्य ठिकानों पर हमला कर रहे हैं, जिसे Operation Epic Fury का नाम दिया गया है.

क्या है अमेरिका का अगला कदम और तेल पर इसका असर

ट्रंप ने सोशल मीडिया पर बताया कि अमेरिका जानबूझकर ईरान के तेल और ऊर्जा ठिकानों को निशाना नहीं बना रहा है. उनका मक़सद सिर्फ सैन्य ठिकानों को बर्बाद करना है ताकि दुनिया भर में परेशानी न हो. Strait of Hormuz को सुरक्षित करने के लिए ट्रंप ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री के साथ भी बातचीत की है. अमेरिकी ऊर्जा विभाग का मानना है कि यह युद्ध और बाज़ार की समस्या अगले कुछ हफ्तों में सुलझ जाएगी. गल्फ में रहने वाले भारतीयों के लिए यह एक अहम खबर है क्योंकि इससे शिपिंग और सप्लाई चेन का रास्ता साफ होने की उम्मीद है.

इज़राइल की प्लानिंग और दुबई एयरपोर्ट का ताज़ा अपडेट

इज़राइली सेना के प्रवक्ता Brigadier General Effie Defrin ने जानकारी दी है कि अमेरिका के साथ मिलकर हर दिन नए टारगेट तय किए जा रहे हैं. यह सैन्य अभियान अभी तीन से छह हफ़्ते और चल सकता है. दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कमज़ोर होने के दावों को खारिज करते हुए कहा है कि ईरान पूरी तरह स्थिर है और उन्होंने युद्धविराम की मांग नहीं की है. इसी बीच, दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास एक ड्रोन से जुड़ी घटना सामने आई है, जिसके बाद सुरक्षा बढ़ा दी गई है और सभी ज़रूरी कदम उठाए गए हैं.

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.