मिडिल ईस्ट में चल रहे भारी तनाव के बीच एक बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान पर किए जा रहे सैन्य हमलों को अगले दो हफ़्तों के लिए टालने का आधिकारिक फैसला किया है। यह फैसला पाकिस्तान की सफल मध्यस्थता के बाद लिया गया है जिससे खाड़ी देशों में बड़े युद्ध का खतरा फिलहाल कम हो गया है। वहां रहने वाले लाखों भारतीय प्रवासियों के लिए भी यह एक सुकून देने वाली खबर है क्योंकि इससे समुद्री व्यापारिक रास्तों की सुरक्षा और तेल की कीमतों में स्थिरता आने की उम्मीद है।

ट्रंप के इस फैसले के पीछे क्या शर्तें जुड़ी हैं?

अमेरिकी राष्ट्रपति ने हमलों पर इस दो हफ्ते की रोक के लिए एक बहुत ही महत्वपूर्ण शर्त रखी है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि ईरान को Strait of Hormuz को तुरंत और सुरक्षित तरीके से खोलना होगा। ट्रंप ने इस स्थिति को दोनों तरफ से होने वाला युद्धविराम बताया है। उनका कहना है कि अमेरिका ने अपने जरूरी सैन्य लक्ष्य पहले ही पूरे कर लिए हैं और अब वे कूटनीति को मौका देना चाहते हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif ने ट्रंप से मुलाकात कर डेडलाइन बढ़ाने का खास अनुरोध किया था ताकि बातचीत के जरिए किसी ठोस नतीजे पर पहुंचा जा सके।

इस पूरे घटनाक्रम से जुड़ी मुख्य बातें क्या हैं?

इस पूरे मामले में पाकिस्तान एक बड़े शांतिदूत के रूप में उभरा है और ईरान ने भी पाकिस्तान की इन कोशिशों की तारीफ की है। हालांकि ईरान की सरकार ने शुरुआत में किसी भी अस्थायी युद्धविराम को यह कहकर मना कर दिया था कि उन्हें युद्ध का स्थायी अंत चाहिए, लेकिन अब वे पाकिस्तान के अनुरोध पर सकारात्मक विचार कर रहे हैं। इस घटनाक्रम की मुख्य जानकारी नीचे दी गई है:

विषय विवरण
प्रमुख फैसला अमेरिका ने हमलों को 2 हफ्ते के लिए सस्पेंड किया
सबसे बड़ी शर्त Strait of Hormuz का रास्ता तुरंत खोलना होगा
मध्यस्थता पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif की मुख्य भूमिका
ईरान का पक्ष बातचीत के लिए 10 सूत्रीय प्रस्ताव पेश किया गया
प्रवासियों पर असर खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ने से प्रवासियों को मिलेगी राहत
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.