अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 31 जुलाई 2026 को ईरान के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि अमेरिका उन पर लगातार हमले जारी रखेगा। राष्ट्रपति ने ईरान को ‘बेईमान’ करार दिया और कहा कि उनके साथ किसी भी तरह की बातचीत करना मुश्किल हो गया है। यह सैन्य अभियान 28 फरवरी 2026 से जारी है, जिसका मुख्य उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकना है।
परमाणु ठिकानों पर हमले की तैयारी
राष्ट्रपति Trump ने स्पष्ट किया कि अमेरिका का लक्ष्य युद्ध में जीत हासिल करना है। उन्होंने जानकारी दी कि अमेरिकी सेना जल्द ही Pickaxe Mountain नामक भूमिगत परमाणु ठिकाने पर बड़ा हमला करने वाली है। उनका कहना है कि ईरान की सैन्य शक्ति काफी कमजोर हो चुकी है और उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इस बीच, जॉर्डन में स्थित अमेरिकी बेस पर 5 मिसाइलें दागी गई हैं, जबकि अमेरिका के विशेष दूत Steve Witkover, Jared Kushner, JD Vance और Marco Rubio लगातार स्थिति को संभालने की कोशिश कर रहे हैं।
ईरान में बढ़ता आंतरिक तनाव
ईविन जेल में बंद राजनीतिक कैदियों ने एक संयुक्त बयान में बताया कि ईरान सरकार इस युद्ध का फायदा उठाकर देश के भीतर दमन की कार्रवाई तेज कर रही है। वहां राजनीतिक कैदियों की गिरफ्तारी और फांसी के मामलों में तेजी देखी गई है। अमेरिका का कहना है कि वे तब तक अपना सैन्य अभियान नहीं रोकेंगे जब तक ईरान पूरी तरह से अपनी आक्रामकता कम नहीं कर देता।
