अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को चेतावनी दी है कि उसे अपने हालिया कदमों की भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। 22 जुलाई 2026 को दी गई इस धमकी में उन्होंने कहा कि अगर होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में शिपिंग पर हमला जारी रहा, तो अमेरिका ईरान के पुलों और पावर प्लांट जैसे जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाएगा। इस विवाद के कारण क्षेत्र में तनाव का स्तर काफी बढ़ गया है।
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सैन्य कार्रवाई और सुरक्षा को लेकर चिंता
अमेरिकी सेना की CENTCOM ने अब तक ईरान के सैन्य ठिकानों पर 140 से ज्यादा जवाबी हवाई हमले किए हैं। वहीं, अमेरिकी रक्षा मंत्री Pete Hegseth ने साफ किया है कि अमेरिकी सेना ईरान के खिलाफ आगे भी सैन्य कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार है। इस तनाव का असर आम लोगों की जेब पर भी दिख रहा है और ईंधन की कीमतों में तेजी आई है। इस संघर्ष में अब तक USD 37.5 बिलियन से ज्यादा की लागत आ चुकी है और यह युद्ध पांचवें महीने में प्रवेश कर चुका है।
हवाई यात्रा और सुरक्षा पर असर
क्षेत्र में लगातार हो रही सैन्य गतिविधियों के कारण आम लोगों और यात्रियों के लिए भी स्थिति कठिन होती जा रही है। European Union’s Aviation Safety Agency (EASA) ने 22 जुलाई 2026 को एयरलाइंस को चेतावनी दी है कि वे जॉर्डन के हवाई क्षेत्र में उड़ान भरने से बचें। सुरक्षा हालात बिगड़ने के कारण एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया गया है। इसके अलावा, ईरान में प्रदर्शनकारियों को फांसी दिए जाने के मामलों पर भी अमेरिका ने कड़ा रुख अपनाया है और ईरान के अधिकारियों को कठोर शब्दों में चेतावनी दी है।
