अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने संकेत दिया है कि अगर ईरान के साथ डील फाइनल नहीं हुई तो वह “Project Freedom” को फिर से शुरू करेंगे। इस बार इसे “Project Freedom plus” का नाम दिया जाएगा। यह कदम हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में फंसे कमर्शियल जहाजों को रास्ता देने और उनकी सुरक्षा के लिए उठाया जाएगा।

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Project Freedom क्या है और इसका मकसद क्या था?

U.S. Central Command (CENTCOM) ने 4 मई 2026 को “Project Freedom” की शुरुआत की थी। इसका मुख्य मकसद कमर्शियल जहाजों के लिए समुद्र के रास्ते को सुरक्षित बनाना था क्योंकि ईरान की हरकतों से वहां व्यापार रुक गया था। इस ऑपरेशन में अमेरिका ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी:

  • नौसेना की तैनाती: अमेरिकी नेवी के गाइडेड-मिसाइल डिस्ट्रॉयर्स जहाजों को रास्ता दिखा रहे थे।
  • हवाई सुरक्षा: सुरक्षा के लिए 100 से ज़्यादा फाइटर जेट, ड्रोन और जासूसी विमान तैनात किए गए थे।
  • खास रास्ता: जहाजों को ओमान के क्षेत्रीय जल क्षेत्र का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई थी क्योंकि पुराने रास्तों पर माइन (mines) बिछाने की खबर थी।

अमेरिकी रक्षा सचिव Pete Hegseth ने इसे एक रक्षात्मक कदम बताया था जो केवल कुछ समय के लिए था।

ईरान के साथ बातचीत और हालिया हमले

6 मई 2026 को राष्ट्रपति Trump ने इस ऑपरेशन को कुछ समय के लिए रोकने का फैसला किया था। उन्होंने कहा था कि ईरान के साथ बातचीत में अच्छी प्रगति हुई है। पाकिस्तान जैसे देशों ने भी इस बातचीत में मदद की थी। दोनों देश एक पन्ने के समझौते (MoU) के करीब थे, लेकिन परमाणु कार्यक्रम और समुद्री सुरक्षा पर सहमति नहीं बन पाई।

बातचीत के बीच ही 8 मई 2026 को हालात फिर बिगड़ गए। रिपोर्ट के मुताबिक, हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में अमेरिकी जहाजों पर हमले हुए, जिसके बाद अमेरिका ने भी ईरानी ठिकानों पर पलटवार किया। राष्ट्रपति Trump ने चेतावनी दी है कि अगर हमले बंद नहीं हुए तो अमेरिका और भी ज़्यादा कड़ा और हिंसक जवाब देगा।

ईरान और अमेरिका के बीच मुख्य विवाद

ईरान का कहना है कि हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य की सुरक्षा पूरी तरह उसके कंट्रोल में है। ईरानी सैन्य अधिकारियों ने साफ किया है कि बिना तालमेल के कोई भी विदेशी सेना वहां घुसी तो उसे निशाना बनाया जाएगा। वहीं अमेरिका का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों को रोकना गलत है और जहाजों की सुरक्षा के लिए सैन्य हस्तक्षेप ज़रूरी है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Project Freedom Plus क्या है?

यह अमेरिका की एक योजना है जिसके तहत हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में फंसे कमर्शियल जहाजों को अमेरिकी नौसेना और वायुसेना की सुरक्षा में रास्ता दिया जाएगा।

क्या ईरान और अमेरिका के बीच कोई समझौता हुआ है?

फिलहाल कोई अंतिम समझौता नहीं हुआ है। दोनों देश एक मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) पर बात कर रहे थे, लेकिन परमाणु मुद्दे पर विवाद बना हुआ है।