हार्मूज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में बीते कुछ घंटों के दौरान तनाव की स्थिति बन गई है। 17 जुलाई 2026 को ईरान के सरकारी टीवी और IRGC के हवाले से जानकारी मिली है कि इलाके में दो तेल टैंकरों में जोरदार धमाके हुए हैं और उनमें आग लग गई है। ईरान की न्यूज़ एजेंसी IRNA का दावा है कि इन टैंकरों को अमेरिकी खुफिया एजेंसियों ने गलत रास्ते पर भेजा था, हालांकि इस दावे की पुष्टि अभी तक किसी स्वतंत्र स्रोत से नहीं हो पाई है।
तनाव के बीच बढ़ रही सैन्य हलचल
अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव के कारण इस समुद्री रास्ते पर सैन्य गतिविधियों में भारी तेजी देखी गई है। IRGC का कहना है कि अब इस क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह बदल चुकी है। ईरान ने चेतावनी दी है कि जब तक अमेरिका द्वारा उसके तटीय इलाकों पर हमले नहीं रुकेंगे, तब तक उनकी कार्रवाई जारी रहेगी। साथ ही, ईरान ने यह भी कहा है कि अब से इस रास्ते से गुजरने वाले हर जहाज को उनकी अनुमति लेना जरूरी होगा।
शिपिंग पर असर और क्षेत्रीय सुरक्षा
CENTCOM ने इस स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि जलडमरूमध्य का रास्ता पूरी तरह खुला है, सिवाय उन जहाजों के जो अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्लंघन कर रहे हैं। CENTCOM ने पुष्टि की है कि ईरान की सैन्य क्षमताओं को निशाना बनाते हुए लगातार सातवीं रात भी हवाई हमले किए गए हैं। इस तनाव का असर शिपिंग पर भी दिखा है, जहां 17 जुलाई 2026 को इस रास्ते से गुजरने वाले जहाजों की संख्या मई के बाद सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। तनाव के इस माहौल में कुवैत, बहरीन, ओमान और कतर जैसे पड़ोसी देशों को भी ईरान की ओर से मिसाइल और ड्रोन हमलों का सामना करना पड़ रहा है।
