UAE के अबू धाबी में स्थित बरकाह न्यूक्लियर पावर प्लांट पर ड्रोन से हमला हुआ है। यह हमला रविवार 17 मई 2026 को हुआ, जिसमें एक ड्रोन ने प्लांट के बाहरी हिस्से में लगे बिजली जनरेटर को निशाना बनाया। इस घटना के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता जताई गई है और UAE ने इसे अपनी सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बताया है।

बरकाह न्यूक्लियर प्लांट पर हमले में क्या हुआ और कितना नुकसान हुआ

इस हमले के दौरान कुल तीन ड्रोन ने प्लांट की तरफ बढ़ने की कोशिश की थी। UAE के एयर डिफेंस सिस्टम ने इनमें से दो ड्रोन को हवा में ही मार गिराया, लेकिन एक ड्रोन प्लांट के अंदरूनी घेरे से बाहर स्थित एक बिजली जनरेटर से टकरा गया, जिससे वहां आग लग गई।

  • नुकसान की स्थिति: बाहरी जनरेटर में आग लगी, लेकिन किसी भी इंसान के घायल होने की खबर नहीं आई।
  • रेडिएशन का खतरा: फेडरल अथॉरिटी फॉर न्यूक्लियर रेगुलेशन (FANR) ने साफ किया कि कोई भी रेडियोधर्मी पदार्थ लीक नहीं हुआ है और प्लांट पूरी तरह सुरक्षित है।
  • बिजली सप्लाई: प्लांट के रिएक्टर नंबर 3 की बाहरी बिजली करीब 24 घंटे के लिए चली गई थी, जिसके कारण इसे इमरजेंसी डीजल जनरेटर के सहारे चलाना पड़ा।

हमले के पीछे कौन है और सरकार का क्या कहना है

UAE के विदेश मंत्रालय ने इस हमले को एक साजिश और संप्रभुता का उल्लंघन बताया है। UAE के रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी कि ये ड्रोन इराक की जमीन से लॉन्च किए गए थे और शक है कि इसके पीछे ईरान समर्थित मिलिशिया का हाथ है।

  • UAE की मांग: विदेश मंत्रालय ने इराक सरकार से कहा है कि वह अपनी जमीन से होने वाली ऐसी हरकतों को तुरंत और बिना किसी शर्त के रोके।
  • दुनिया की प्रतिक्रिया: IAEA के प्रमुख राफेल ग्रॉसी और UN महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने इस घटना पर गहरी चिंता जताई है।
  • समर्थन: भारत, सऊदी अरब, ओमान, कनाडा और पाकिस्तान जैसे देशों ने भी इस आतंकवादी हमले की निंदा की है।

प्रवासियों और यात्रियों पर इसका क्या असर पड़ेगा

इस हमले के बाद अल धफरा इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है, जिससे वहां काम करने वाले लोगों और इंजीनियरों के आने-जाने के रास्तों में बदलाव किया गया है। कुछ कंपनियों ने इस इलाके में गैर-जरूरी दौरों को फिलहाल के लिए रोक दिया है।

  • ट्रैवल अलर्ट: रिस्क इंटेलिजेंस कंपनी Crisis24 ने पश्चिमी अबू धाबी के लिए खतरे का लेवल ‘लो’ से बढ़ाकर ‘मॉडरेट’ कर दिया है।
  • बीमा अपडेट: कई ग्लोबल इंश्योरेंस कंपनियां इराक से जुड़े बिजनेस ट्रैवल कवरेज की दोबारा जांच कर रही हैं।
  • सुरक्षा उपाय: जानकारों का मानना है कि अब UAE अपने रणनीतिक ठिकानों के आसपास नो-फ्लाई जोन और एंटी-ड्रोन तकनीक को और मजबूत करेगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या बरकाह परमाणु प्लांट से कोई रेडिएशन लीक हुआ है

नहीं, UAE के न्यूक्लियर रेगुलेटर (FANR) और IAEA ने पुष्टि की है कि कोई रेडियोधर्मी रिसाव नहीं हुआ है और प्लांट के अंदर सब सुरक्षित है।

ड्रोन हमला कहाँ से किया गया था

UAE के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, ड्रोन इराक की जमीन से लॉन्च किए गए थे और इसमें ईरान समर्थित मिलिशिया के शामिल होने का संदेह है।