UAE के सेंट्रल बैंक ने देश के सभी बैंकों और वित्तीय संस्थानों के लिए एक नया और सख्त नियम जारी किया है। अब बैंक ग्राहकों से बात करने या बैंकिंग सेवाएं देने के लिए WhatsApp जैसे मैसेजिंग ऐप्स का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। यह फैसला ग्राहकों के पैसों और उनकी निजी जानकारी को सुरक्षित रखने के लिए लिया गया है ताकि डिजिटल धोखाधड़ी को पूरी तरह रोका जा सके।
WhatsApp पर अब कौन सी बैंकिंग सेवाएं बंद होंगी?
सेंट्रल बैंक ने साफ कर दिया है कि बैंक अब मैसेजिंग ऐप्स के जरिए ग्राहकों से कोई भी संवेदनशील जानकारी नहीं मांग सकते और न ही कोई ट्रांजैक्शन पूरा कर सकते हैं। इस आदेश के तहत प्रतिबंधित की गई सेवाओं की लिस्ट नीचे दी गई है:
| बैंकिंग गतिविधि | नया नियम |
|---|---|
| निजी जानकारी मांगना या साझा करना | प्रतिबंधित |
| पैसों का ट्रांसफर और बिल भुगतान | प्रतिबंधित |
| लोन निर्देश और अकाउंट बदलना | प्रतिबंधित |
| पासवर्ड, PIN और OTP भेजना | प्रतिबंधित |
| ट्रांजैक्शन की पुष्टि (Confirmation) करना | प्रतिबंधित |
| ग्राहक डेटा से जुड़े विवादों का निपटारा | प्रतिबंधित |
यह फैसला क्यों लिया गया और इसका क्या असर होगा?
CBUAE ने पाया कि मैसेजिंग ऐप्स के बढ़ते इस्तेमाल से अकाउंट हैकिंग और फर्जी पहचान बनाकर लोगों को ठगने के मामले बढ़ रहे थे। इसके अलावा, यूएई के नियमों के अनुसार सभी ग्राहकों का डेटा देश के भीतर ही स्टोर होना चाहिए, लेकिन मैसेजिंग ऐप्स डेटा को देश के बाहर भेज सकते हैं, जिससे प्राइवेसी का खतरा रहता है। जो बैंक इस आदेश का पालन नहीं करेंगे, उन पर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है या प्रशासनिक कार्रवाई की जा सकती है।
अब ग्राहकों को बैंकिंग के लिए क्या करना होगा?
यूएई में रहने वाले प्रवासियों और आम लोगों को अब अपनी बैंकिंग जरूरतों के लिए केवल बैंक के आधिकारिक माध्यमों का ही उपयोग करना होगा। इसके लिए वे बैंक का मोबाइल ऐप, ऑनलाइन बैंकिंग पोर्टल, आधिकारिक कॉल सेंटर या बैंक की ब्रांच में जा सकते हैं। सभी वित्तीय संस्थानों को 30 अप्रैल 2026 तक इस नए नियम का पूरी तरह पालन करने का प्रमाण सेंट्रल बैंक को देना होगा।