UAE सरकार ने ड्रग्स के काले कारोबार को जड़ से खत्म करने के लिए एक बड़ा और आधुनिक सिस्टम तैयार किया है। अब ड्रग्स बेचने वाले सोशल मीडिया या डिजिटल ऐप्स के जरिए युवाओं और किशोरों को फंसा नहीं पाएंगे। सरकार ने इसके लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और अंतरराष्ट्रीय सहयोग का सहारा लिया है ताकि अपराधी कहीं भी छिपे हों, पकड़े जाएं।

AI और तकनीक से होगी निगरानी

ड्रग्स बेचने वाले अब इंटरनेट और सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। UAE सरकार AI टूल्स का इस्तेमाल कर रही है जो अपने आप अवैध सामानों और संदिग्ध अकाउंट्स को पहचान कर उन्हें ब्लॉक कर देते हैं। नवंबर 2025 तक करीब 2,297 ऐसी वेबसाइट्स और अकाउंट्स को बंद किया गया है।

Dubai Customs ने Siyaj नाम का एक सिस्टम बनाया है। इसी AI अलर्ट की मदद से 3 जुलाई 2026 को 2,78,850 Pregabalin गोलियों की खेप पकड़ी गई और चार अपराधी गिरफ्तार हुए। साथ ही, Abu Dhabi Police ने युवाओं को जागरूक करने के लिए VR और Video AI Motion तकनीक का भी इस्तेमाल किया है।

नया कानून और सख्त सजा

ड्रग्स के खिलाफ कानून को और सख्त कर दिया गया है। साल 2025 में हुए बदलावों के मुताबिक, अब ड्रग्स के अपराध में दोषी पाए जाने वाले विदेशी नागरिकों को अनिवार्य रूप से देश से बाहर (deport) कर दिया जाएगा। इसके अलावा, उन डॉक्टरों पर भी कड़ी कार्रवाई होगी जो गलत तरीके से नशीली दवाइयां देते हैं।

Ministry of Interior ने चेतावनी दी है कि कुछ अपराधी अब A4 पेपर पर नशीले पदार्थ लगाकर उन्हें सोशल मीडिया के जरिए बेच रहे हैं, जिससे लोग सावधान रहें।

अंतरराष्ट्रीय सहयोग और बड़े ऑपरेशन

UAE ने इस लड़ाई के लिए दुनिया के 24 देशों के साथ हाथ मिलाया है। इसमें यूरोप, एशिया और मिडिल ईस्ट के देश शामिल हैं। हाल ही में Dubai Police और कुवैत के अधिकारियों ने मिलकर एक बड़े नेटवर्क को पकड़ा, जिसमें 1.4 करोड़ Captagon गोलियां जब्त की गईं। अब अबू धाबी में New Zealand Police का एक ऑफिस भी खोला जा रहा है ताकि अपराधियों पर नजर रखी जा सके।

इलाज और मदद की सुविधा

National Drug Enforcement Authority (NDEA) ने ‘United as One to Eradicate the Threat’ कैंपेन शुरू किया है। सरकार सिर्फ सजा नहीं दे रही, बल्कि नशे की लत छुड़ाने के लिए मदद भी कर रही है। Chance of Hope प्रोग्राम और Halfway Houses के जरिए लोगों का इलाज और पुनर्वास किया जा रहा है। युवाओं और परिवारों की मदद के लिए Hosn सर्विस (80044) भी उपलब्ध है।