संयुक्त अरब अमीरात (UAE) शिक्षा जगत की एक बड़ी हस्ती प्रोफेसर के.के. अब्दुल गफ्फार के निधन पर शोक जता रहा है। उन्होंने Gulf Medical University की स्थापना और उसके विकास में बहुत बड़ी भूमिका निभाई थी। उनका जाना शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा नुकसान माना जा रहा है।

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प्रोफेसर अब्दुल गफ्फार का निधन रविवार सुबह, 5 जुलाई 2026 को भारत के कर्नाटक राज्य के मंगलौर में उनके घर पर हुआ। वह 88 वर्ष के थे और कुछ समय से बीमार चल रहे थे। उनके परिवार ने Gulf News को यह जानकारी दी और कहा कि उनके जाने से उस अकादमिक समुदाय को बहुत बड़ा नुकसान हुआ है जिसकी उन्होंने दशकों तक सेवा की।

प्रोफेसर अब्दुल गफ्फार UAE में रहने वाले एक भारतीय प्रवासी थे। उन्हें एक बेहतरीन टेक्नो-एजुकेशनिस्ट, कंसल्टेंट इंजीनियर और लेखक के रूप में जाना जाता था। उन्होंने UAE और भारत दोनों जगहों पर इंजीनियरिंग और मेडिकल शिक्षा को बेहतर बनाने में काफी मदद की। वह Ajman में Gulf Medical University के सीनियर डायरेक्टर और कमीशनिंग लीड थे। यह यूनिवर्सिटी पहले Gulf Medical College के नाम से जानी जाती थी और UAE का पहला प्राइवेट मेडिकल कॉलेज था। उनके प्रयासों से ही यह संस्थान आज इस क्षेत्र का एक अग्रणी मेडिकल संस्थान बन पाया है।

उनके परिवार ने बताया कि उनकी ईमानदारी, विनम्रता और सेवा की भावना आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी। उनके परिवार में उनकी पत्नी जमीला शमनाद और चार बच्चे—डॉ. शाजिर गफ्फार, डॉ. फरीदा गफ्फार, डॉ. जमलाउनिसा गफ्फार और शहनाज़ गफ्फार शामिल हैं।

उनका जनाज़ा सोमवार दोपहर 12 बजे केरल के कासरगोड स्थित कुन्निल रिफ़ाई मस्जिद, चौकी में पढ़ा जाएगा और उसके बाद उन्हें वहीं दफनाया जाएगा।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.