UAE में इस साल ईद-उल-फितर (Eid Al-Fitr) की नमाज़ को लेकर एक अहम फैसला लिया गया है. General Authority of Islamic Affairs ने यह साफ किया है कि इस बार ईद की नमाज़ खुले मैदानों या बाहरी जगहों पर नहीं पढ़ी जाएगी. सुरक्षा कारणों को ध्यान में रखते हुए देश भर के लोगों को सिर्फ मस्जिदों के अंदर ही नमाज़ अदा करने का निर्देश दिया गया है. यह नियम पूरे यूएई में सख्ती से लागू होगा.

मस्जिदों में ही नमाज़ पढ़ने का फैसला क्यों?

नागरिकों और प्रवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह अहम कदम उठाया गया है. Awqaf ने दुबई और शारजाह के इस्लामिक मामलों के विभागों के साथ मिलकर यह फैसला लिया है. खुले मैदानों (Musallas) में नमाज़ नहीं होने से मस्जिदों में भीड़ प्रबंधन आसान होगा. सरकार का मुख्य उद्देश्य यह है कि सभी लोग सुरक्षित माहौल में अपना त्योहार मना सकें और किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो.

नमाज़ियों के लिए क्या हैं खास नियम

अथॉरिटी ने सभी लोगों से अपील की है कि वे नमाज़ के लिए तय समय से पहले मस्जिद पहुंच जाएं. चूंकि इस बार खुले मैदानों में नमाज़ नहीं होगी, इसलिए मस्जिदों के अंदर क्षमता सीमित हो सकती है और प्रवेश द्वारों पर ज्यादा भीड़ देखने को मिल सकती है. लोगों की सहूलियत के लिए कुछ खास बातें बताई गई हैं.

  • मस्जिद के अंदर जगह पाने के लिए घर से जल्दी निकलें.
  • मस्जिद प्रबंधन द्वारा बनाए गए सुरक्षा और एंट्री नियमों का पूरी तरह पालन करें.
  • पार्किंग और ट्रैफिक की समस्या से बचने के लिए पहले से प्लानिंग कर लें.
  • ईद की नमाज़ हमेशा की तरह सभी के लिए मुफ्त है और इसमें कोई बदलाव नहीं है.
Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.