UAE सरकार का बड़ा कदम, World Food Programme के बोर्ड में हुआ चुनाव, 2028 तक संभालेगा ज़िम्मा
UAE ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। उसे 2026 से 2028 तक World Food Programme (WFP) के एग्जीक्यूटिव बोर्ड के लिए चुना गया है। यह फैसला ऐसे समय में आया है जब दुनिया भर में खाने-पीने की चीज़ों की कमी और समुद्री रास्तों में रुकावटों का खतरा बढ़ गया है।
UAE की इस नई भूमिका का क्या मतलब है?
UAE अब WFP की भविष्य की योजनाओं और रणनीतियों को तय करने में अहम भूमिका निभाएगा। UN में UAE के प्रतिनिधि Ambassador Mohamed Abushahab ने कहा कि इस सदस्यता से UAE नई तकनीक और बेहतर लॉजिस्टिक्स को बढ़ावा देगा। अब UAE सिर्फ आर्थिक मदद देने वाले देश के तौर पर नहीं, बल्कि एक रणनीतिक साथी के तौर पर काम करेगा ताकि दुनिया में भूख को खत्म किया जा सके।
दुनिया के सामने क्या चुनौतियां हैं और UAE कैसे मदद करेगा?
Strait of Hormuz में जहाजों की आवाजाही फरवरी 2026 से 90% तक गिर गई है, जिससे करोड़ों लोगों के सामने भूख का खतरा पैदा हो गया है। दुबई में UN का सबसे बड़ा लॉजिस्टिक्स हब (UNHRD) मौजूद है जो जेबेल अली पोर्ट के पास है। UAE इस सुविधा का इस्तेमाल करके मदद के सामान को तेज़ी से एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाएगा। इसके साथ ही UAE ने मदद के लिए हवाई रास्तों और ज़मीनी गलियारों का इंतज़ाम भी किया है।
इस चुनाव और अन्य अपडेट्स की खास बातें
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कार्यकाल | 2026 से 2028 तक |
| WFP बोर्ड सदस्य संख्या | कुल 36 सदस्य राज्य |
| मुख्य फोकस | AI और पब्लिक-प्राइवेट फाइनेंसिंग का उपयोग |
| अन्य उपलब्धियां | UN Women बोर्ड और NGO कमेटी में भी चुनाव |
| चुनाव प्रक्रिया | ECOSOC और FAO काउंसिल द्वारा चयन |