दुबई के बड़े बैंक Emirates NBD ने भारतीय बैंक RBL Bank में अपनी बहुमत हिस्सेदारी की प्रक्रिया पूरी कर ली है। 18 जून 2026 को हुए इस बड़े सौदे से भारत के बैंकिंग क्षेत्र में एक नया अध्याय शुरू हुआ है। इस खास मौके पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण मौजूद रहीं।

इस डील के तहत Emirates NBD ने RBL Bank में 60% हिस्सेदारी खरीदी है। इसके लिए करीब 2.75 से 3 अरब डॉलर का निवेश किया गया है। यह भारत के बैंकिंग सेक्टर में अब तक का सबसे बड़ा विदेशी सीधा निवेश माना जा रहा है। यह पहली बार हुआ है जब किसी विदेशी बैंक ने भारत के एक मुनाफे वाले बैंक में बहुमत हिस्सेदारी हासिल की है।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसे एक ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह सौदा भारतीय अर्थव्यवस्था और बैंकिंग सिस्टम पर दुनिया के निवेशकों के भरोसे को पुख्ता करता है। उनके मुताबिक, इस डील से आगे चलकर और भी विदेशी बैंकों के लिए भारतीय बैंकों के साथ जुड़ने का रास्ता खुलेगा, जिससे बैंकिंग सेक्टर और मजबूत होगा।

Emirates NBD के चेयरमैन शेख अहमद बिन सईद अल मकतूम ने कहा कि यह फैसला दोनों देशों के बीच सालों के भरोसे और आर्थिक सपनों का नतीजा है। उनका मानना है कि यह बैंक अब दोनों देशों के बीच एक वित्तीय पुल की तरह काम करेगा, जिससे व्यापार और निवेश को बढ़ावा मिलेगा।

RBL Bank के सीईओ आर सुब्रमण्य कुमार ने इसे एक बड़ा बदलाव बताया। उन्होंने कहा कि भारत और UAE के बीच का यह गलियारा अब दुनिया के लिए रणनीतिक रूप से बहुत महत्वपूर्ण हो गया है।

दोनों देशों के बीच आर्थिक रिश्तों को सुधारने के लिए पहले भी कई कदम उठाए गए हैं। जुलाई 2023 में लोकल करेंसी सेटलमेंट सिस्टम और UPI को UAE के पेमेंट सिस्टम से जोड़ने पर समझौता हुआ था। इसके अलावा, अगस्त 2024 से द्विपक्षीय निवेश संधि भी लागू हो चुकी है।

तारीख/विवरण मुख्य जानकारी
18 जून 2026 RBL Bank में 60% हिस्सेदारी का अधिग्रहण पूरा हुआ
18 अक्टूबर 2025 अधिग्रहण की पहली घोषणा हुई थी
31 अगस्त 2024 द्विपक्षीय निवेश संधि (BIT) प्रभावी हुई
जुलाई 2023 LCS सिस्टम और UPI-IPP इंटरलिंक पर MoU साइन हुआ
1 मई 2022 CEPA समझौता लागू हुआ
कुल निवेश लगभग 2.75 से 3 अरब डॉलर