संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने मानव तस्करी जैसी गंभीर अपराधों को जड़ से खत्म करने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। World Day Against Trafficking in Persons के मौके पर देश ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए एक विशेष अदालत बनाने की घोषणा की है। इस नई पहल का मकसद कानून को और मजबूत करना और पीड़ितों को बेहतर सुरक्षा प्रदान करना है।
क्या है नई व्यवस्था
Abu Dhabi Resolution No. 40 of 2026 के तहत, अबू धाबी में मानव तस्करी के मामलों की सुनवाई के लिए एक विशेष कोर्ट बनाई गई है। Sheikh Mansour bin Zayed Al Nahyan ने इस फैसले को मंजूरी दी है, ताकि कानूनी प्रक्रिया को तेज किया जा सके। इस सिस्टम में पब्लिक प्रोसिक्यूशन और अदालतों को एक साथ जोड़ा गया है, जिससे केस सुलझाने में आसानी होगी और पीड़ितों को समय पर इंसाफ मिलेगा।
ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव
इस साल की थीम Trapped Behind the Scam रखी गई है, जो फर्जी नौकरियों और ऑनलाइन धोखाधड़ी के जरिए लोगों को फंसाने के बढ़ते मामलों पर केंद्रित है। UAE के न्याय मंत्री Abdullah Sultan bin Awad Al Nuaimi ने कहा कि देश अब साइबर अपराध और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे मामलों पर भी कड़ी नजर रख रहा है। सरकार की नेशनल कमेटी NCCHT में अब कुल 23 सरकारी और सामाजिक संस्थाएं शामिल हो गई हैं ताकि इस समस्या को गहराई से रोका जा सके।
पीड़ितों के लिए मदद और सपोर्ट
UAE में पहले से ही Federal Decree by Law No. 24 of 2023 लागू है, जो मानव तस्करी करने वालों को कड़ी सजा देता है। अगर कोई व्यक्ति इस तरह के अपराध का शिकार होता है, तो उसके लिए Ewa’a और Dubai Foundation for Women and Children (DFWAC) जैसे आश्रय केंद्र मौजूद हैं। इन सेंटरों में पीड़ितों को मेडिकल, कानूनी और मनोवैज्ञानिक सहायता मुफ्त दी जाती है। सरकार का मानना है कि जागरूकता और शिक्षा ही इस समस्या को रोकने का सबसे बेहतर तरीका है।
