UAE के विदेश मंत्री और एस्टोनिया के विदेश मंत्री के बीच एक जरूरी फोन कॉल हुआ। इस बातचीत में ईरान द्वारा UAE की नागरिक जगहों पर किए गए मिसाइल और ड्रोन हमलों पर चर्चा की गई। दोनों देशों ने इन हमलों को आतंकी हमला बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है।
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ईरान के हमलों पर क्या बोले दोनों देश?
UAE के डिप्टी प्राइम मिनिस्टर और विदेश मंत्री Sheikh Abdullah bin Zayed Al Nahyan और एस्टोनिया के विदेश मंत्री Margus Tsahkna ने ईरान की हरकतों पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि नागरिक ठिकानों और सुविधाओं को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर का खुला उल्लंघन है। दोनों नेताओं ने माना कि इस तरह के हमले UAE की सुरक्षा, स्थिरता और उसकी सीमाओं के लिए सीधा खतरा हैं।
UAE के बचाव के अधिकार पर क्या बात हुई?
बातचीत के दौरान दोनों पक्षों ने इस बात पर सहमति जताई कि UAE को अपने लोगों और अपनी जमीन की रक्षा करने का पूरा और कानूनी अधिकार है। इस फोन कॉल का मुख्य मकसद क्षेत्रीय विकास और दोनों देशों के आपसी संबंधों को मजबूत करना था, साथ ही ईरान के हमलों के असर पर चर्चा करना था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
UAE और एस्टोनिया ने ईरान के बारे में क्या कहा?
दोनों देशों ने ईरान द्वारा UAE के नागरिक ठिकानों पर किए गए मिसाइल और ड्रोन हमलों को आतंकी हमला बताया और इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन कहा।
यह चर्चा कब हुई?
यह महत्वपूर्ण फोन कॉल 9 मई 2026 को UAE के विदेश मंत्री और एस्टोनिया के विदेश मंत्री के बीच हुई थी।