UAE के अधिकारियों ने 31 मार्च को ईरान की ओर से किए गए नए हमलों की जानकारी साझा की है। इस हमले में बैलिस्टिक मिसाइल, क्रूज मिसाइल और ड्रोन का इस्तेमाल किया गया था। UAE की एयर डिफेंस सिस्टम ने सक्रिय रहते हुए 8 बैलिस्टिक मिसाइल, 4 क्रूज मिसाइल और 36 ड्रोन को हवा में ही नष्ट कर दिया। सुरक्षा एजेंसियां लगातार सतर्क हैं और देश की सुरक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई की तैयारी में हैं।

इन हमलों का आम जनता और प्रवासियों पर क्या असर पड़ा है?

इन हमलों के कारण दुबई के कुछ इलाकों जैसे जेबेल अली, अल फुरजान और दुबई मीडिया सिटी में धमाकों की आवाजें सुनी गईं और इंटरसेप्शन का मलबा गिरा। दक्षिण दुबई में घर पर मलबा गिरने से चार लोग मामूली रूप से घायल हुए हैं। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर कई अहम कदम उठाए हैं:

  • UAE में ऑनलाइन पढ़ाई यानी रिमोट लर्निंग की अवधि को 17 अप्रैल तक के लिए बढ़ा दिया गया है।
  • दुबई पोर्ट के पास कुवैत के एक तेल टैंकर ‘Al-Salmi’ पर हमला हुआ, जिसमें आग लग गई थी लेकिन उसे समय रहते बुझा लिया गया।
  • अमेरिकी दूतावास ने अपने नागरिकों के लिए सुरक्षा अलर्ट जारी किया है और गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी है।
  • अब तक के हमलों में 11 लोगों की मृत्यु हुई है और 188 लोग घायल हुए हैं, जिसमें आम नागरिक और कर्मचारी शामिल हैं।

सुरक्षा को लेकर जारी नई चेतावनियां और आंकड़े क्या हैं?

ईरान की सेना ने आने वाले दिनों के लिए नई धमकियां दी हैं, जिसमें बड़ी टेक कंपनियों को निशाना बनाने की बात कही गई है। इसमें एप्पल, गूगल और माइक्रोसॉफ्ट जैसी कंपनियों के कर्मचारियों को दफ्तरों से दूर रहने की सलाह दी गई है। UAE रक्षा मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा।

हमले का माध्यम 31 मार्च को संख्या अब तक की कुल संख्या
बैलिस्टिक मिसाइल 8 433
क्रूज मिसाइल 4 19
ड्रोन (UAV) 36 1,977

सऊदी अरब और कुवैत जैसे पड़ोसी देश भी अपनी वायु सीमाओं की रक्षा के लिए अलर्ट पर हैं। कुवैती सेना ने पिछले 24 घंटों में अपनी सीमा में घुसे 5 मिसाइलों और 7 ड्रोन को मार गिराया है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक चैनलों के माध्यम से आने वाली सूचनाओं पर ही भरोसा करें।