भारत से खाड़ी देशों में नौकरी या पढ़ाई के लिए जाने वाले लोगों के लिए जरूरी खबर आई है। साल 2026 से UAE और कुवैत दूतावास ने दस्तावेजों के वेरिफिकेशन यानी अटेस्टेशन की प्रक्रिया को पहले से ज्यादा आसान और डिजिटल बना दिया है। अब भारतीय नागरिकों को अपने कागज विदेश भेजने के बजाय भारत में ही डिजिटल तरीके से वेरिफिकेशन कराने की सुविधा दी गई है। इससे कूरियर का खर्च और समय दोनों बचेंगे।

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UAE के लिए eDAS 2.0 और डिजिटल स्टैम्प के नए नियम

UAE सरकार ने eDAS 2.0 प्लेटफॉर्म को पूरी तरह से लागू कर दिया है। अब भारतीय नागरिक अधिकृत एजेंटों के माध्यम से भारत में ही UAE दूतावास और MOFA का अटेस्टेशन पूरा करवा सकते हैं। अब कागजों पर फिजिकल स्टिकर लगाने की जगह QR-कोड वाले डिजिटल स्टैम्प लगाए जा रहे हैं। इससे वहां की कंपनियां और यूनिवर्सिटी घर बैठे आपके कागज ऑनलाइन चेक कर सकेंगी। इस नए डिजिटल सिस्टम की वजह से अब यह पूरा काम 5 से 7 दिनों के भीतर पूरा हो जाता है।

कुवैत अटेस्टेशन और विदेश मंत्रालय की जरूरी जानकारी

कुवैत जाने वाले लोगों के लिए नियमों में थोड़ा बदलाव है। अब कुवैत के लिए शैक्षिक दस्तावेजों के साथ यूनिवर्सिटी से वेरिफिकेशन लेटर लेना अनिवार्य है। इसके अलावा कुवैत के लिए पासपोर्ट पर वीज़ा स्टैम्पिंग और डॉक्यूमेंट अटेस्टेशन दोनों जरूरी होता है। भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने यह भी जानकारी दी है कि 1 फरवरी 2026 से Alankit Ltd को दस्तावेजों की सर्विस के लिए हटा दिया गया है। अब लोगों को केवल MEA द्वारा तय की गई अन्य चार अधिकृत एजेंसियों की मदद लेनी होगी।

अटेस्टेशन में लगने वाला खर्चा और समय

दस्तावेजों के वेरिफिकेशन के लिए लगने वाली फीस और समय की जानकारी नीचे दी गई टेबल में देख सकते हैं:

देश डॉक्यूमेंट का प्रकार अनुमानित फीस (रुपये) समय
UAE Educational/Personal 20,000 से 50,000 5-7 दिन
UAE Commercial 68,000 से अधिक 5-7 दिन
Kuwait Educational/Personal 6,500 से 8,500 7-15 दिन
Kuwait Commercial 7,500 से 10,500 7-15 दिन