यूएई ने स्वास्थ्य और तकनीक के मामले में दुनिया के सामने एक मिसाल पेश की है। एडेलमैन ट्रस्ट बैरोमीटर की नई रिपोर्ट में सामने आया है कि यूएई के लोग अपने स्वास्थ्य से जुड़े फैसले लेने में दुनिया में सबसे आगे हैं। यहां लोग इलाज के लिए डॉक्टरों के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का भी खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। दुनिया भर में जहां स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर लोगों का भरोसा कम हो रहा है, वहीं यूएई एक मजबूत मॉडल बनकर उभरा है।

यूएई में स्वास्थ्य के लिए AI का उपयोग कितना बढ़ा?

यूएई में करीब 59 प्रतिशत लोग अपनी सेहत पर नजर रखने और फैसले लेने के लिए AI तकनीक का सहारा लेते हैं। यह आंकड़ा दुनिया के औसत यानी 35 प्रतिशत से बहुत ज्यादा है। इसका मतलब है कि यहां लोग सिर्फ प्रयोग के लिए नहीं, बल्कि रोजाना की जिंदगी में स्वास्थ्य संबंधी मामलों के लिए AI का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसके साथ ही, यूएई के 70 प्रतिशत लोगों को अपनी सेहत से जुड़ी सही जानकारी ढूंढने और निर्णय लेने में पूरा भरोसा है।

डॉक्टरों और सरकारी स्वास्थ्य विभागों पर कितना है भरोसा?

रिपोर्ट के अनुसार, तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल के बाद भी डॉक्टरों की अहमियत कम नहीं हुई है। लगभग 89 प्रतिशत लोगों का मानना है कि उनके डॉक्टर उन्हें सेहत और बीमारियों से बचाव के बारे में बिल्कुल सच बताते हैं। इसके अलावा, स्थानीय और राष्ट्रीय स्वास्थ्य अधिकारियों पर यूएई के 90 प्रतिशत लोग भरोसा करते हैं, जबकि दुनिया भर में यह औसत केवल 69 प्रतिशत है। यह मजबूत भरोसा देश में नई तकनीकों और इलाज के तरीकों को आसानी से अपनाने का माहौल तैयार करता है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

यूएई में कितने लोग सेहत के लिए AI का इस्तेमाल करते हैं?

यूएई में 59 प्रतिशत लोग अपनी सेहत से जुड़े फैसलों के लिए AI का इस्तेमाल करते हैं, जो वैश्विक औसत 35 प्रतिशत से काफी अधिक है।

यूएई के डॉक्टरों पर लोगों को कितना भरोसा है?

यूएई में करीब 89 प्रतिशत लोग अपने डॉक्टरों पर पूरा भरोसा करते हैं कि वे स्वास्थ्य समस्याओं पर उन्हें सही और सच जानकारी देंगे।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.