संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और ईरान के बीच बढ़ता तनाव अब गंभीर मोड़ ले चुका है। मार्च 2026 में ईरान की ओर से किए गए सिलसिलेवार मिसाइल और ड्रोन हमलों ने खाड़ी क्षेत्र की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इन हमलों के बीच यूएई अपनी सैन्य ताकत और अमेरिका के साथ मजबूत रक्षा गठबंधन के जरिए सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने में जुटा है।

UAE की सेना कितनी शक्तिशाली है और क्या हैं इसके पास हथियार?

यूएई के पास एक आधुनिक और बेहद ताकतवर सैन्य ढांचा है जो अपनी रक्षा के लिए नई तकनीक का इस्तेमाल करता है। ग्लोबल फायरपावर इंडेक्स 2026 में यूएई को 145 देशों की सूची में 54वें स्थान पर रखा गया है।

  • सैनिक बल: यूएई की सेना में 65,000 सक्रिय सैनिक और 130,000 आरक्षित (Reserve) सैनिक शामिल हैं।
  • हवाई ताकत: यहाँ की वायुसेना F-35, मिराज और मिराज 2000 जैसे अत्याधुनिक लड़ाकू विमानों से लैस है।
  • मिसाइल डिफेंस: हमलों को रोकने के लिए यूएई के पास THAAD जैसा विश्वस्तरीय मिसाइल डिफेंस सिस्टम मौजूद है।
  • अमेरिकी सहयोग: अबू धाबी के अल धाफरा एयर बेस पर करीब 3,500 से 5,000 अमेरिकी सैनिक तैनात हैं, जो सुरक्षा में मदद करते हैं।

ईरान के हमलों से हुई तबाही और हालिया घटनाक्रम

मार्च 2026 के दौरान ईरान ने यूएई के ठिकानों पर भारी बमबारी की है। यूएई रक्षा मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, ईरान ने अब तक सैकड़ों मिसाइलें और ड्रोन दागे हैं। हालाँकि अधिकांश को हवा में ही मार गिराया गया, लेकिन मलबे गिरने से रिहायशी इलाकों में नुकसान हुआ है।

तारीख मुख्य घटना नुकसान / प्रभाव
17 मार्च 314 मिसाइलें और 1,672 ड्रोन हमले 8 लोगों की मौत, 157 घायल
19 मार्च अल धाफरा एयर बेस पर हमला F-35 यूनिट्स और कई हैंगर क्षतिग्रस्त
20 मार्च अमेरिकी हथियार सौदे को मंजूरी UAE को 8.4 अरब डॉलर के आधुनिक ड्रोन और रडार मिलेंगे

ईरान के इन हमलों का मकसद यूएई में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाना और क्षेत्र में आर्थिक अस्थिरता पैदा करना है। इसके जवाब में अमेरिका ने आपातकालीन छूट के तहत यूएई को मिसाइल, रडार सिस्टम और एफ-16 विमान देने का फैसला किया है। दुबई का जेबेल अली बंदरगाह भी अमेरिकी नौसेना के लिए रसद सहायता का मुख्य केंद्र बना हुआ है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com