Strait of Hormuz पर UAE का बड़ा बयान, वाशिंगटन दौरे पर मंत्री Reem Al Hashimy ने ईरान को घेरा, अमेरिका में निवेश का किया ऐलान
UAE की मंत्री Reem Al Hashimy ने अमेरिका के वाशिंगटन शहर का एक हाई-लेवल दौरा किया। इस दौरान उन्होंने Strait of Hormuz को बिना किसी रोक-टोक के पूरी तरह खुला रखने की मांग की। उन्होंने क्षेत्र में बढ़ते तनाव और मिसाइल व ड्रोन हमलों को लेकर गहरी चिंता जताई और दुनिया से इस समस्या के हल के लिए अपील की।
ईरान के हमलों और Strait of Hormuz पर UAE ने क्या कहा?
मंत्री Reem Al Hashimy ने साफ किया कि Strait of Hormuz एक सार्वजनिक संपत्ति है और इसे अंतरराष्ट्रीय नियमों के हिसाब से बिना किसी शर्त के खुला रहना चाहिए। उन्होंने बताया कि 28 फरवरी से अब तक ईरान की तरफ से UAE पर 2,800 से ज्यादा मिसाइल और ड्रोन हमले हुए हैं। इनमें से 90 प्रतिशत हमले आम लोगों और नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाकर किए गए। UAE ने स्पष्ट किया कि उसके पास मजबूत एयर डिफेंस सिस्टम है और वह अपनी रक्षा करना जानता है।
अमेरिका और UAE के रिश्तों और निवेश का क्या अपडेट है?
वाशिंगटन दौरे के दौरान UAE और अमेरिका के बीच आपसी रिश्तों को और मजबूत करने पर चर्चा हुई। मंत्री ने बताया कि दोनों देशों के बीच व्यापार और सुरक्षा सहयोग लगातार बढ़ रहा है। इसी कड़ी में UAE ने अगले 10 सालों के अंदर अमेरिका की अर्थव्यवस्था में 1.4 ट्रिलियन डॉलर का निवेश करने का वादा किया है। दोनों देश विकास और सुरक्षा के मोर्चे पर एक-दूसरे का साथ देना जारी रखेंगे।
समुद्री रास्तों पर ईरान की सख्ती का शिपिंग और व्यापार पर क्या असर है?
ईरान की हालिया हरकतों से समुद्री व्यापार में बड़ी मुश्किलें आ रही हैं। 23 अप्रैल 2026 को ईरान की नेवी ने Strait of Hormuz में दो कंटेनर जहाजों को जब्त कर लिया। इस वजह से Maersk और CMA CGM जैसी बड़ी शिपिंग कंपनियों के जहाज फंस गए हैं। बहुत से जहाज Jebel Ali जैसे टर्मिनलों पर रुके हुए हैं, जिससे सामान की डिलीवरी में देरी हो रही है। जानकारों का कहना है कि ईरान अब स्पीडबोट और ड्रोन के जरिए जहाजों को डराने और रास्ते बदलने पर मजबूर कर रहा है।