UAE इस समय क्षेत्रीय तनाव के कारण एक कठिन दौर का सामना कर रहा है, लेकिन देश की रक्षा प्रणाली ने अपनी ताकत दिखाई है। 28 फरवरी 2026 से नागरिक इलाकों को निशाना बनाकर किए गए हमलों में एयर डिफेंस सिस्टम ने 90 प्रतिशत से अधिक मिसाइलों और ड्रोन को सफलतापूर्वक हवा में ही रोक दिया। रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की है कि देश की सुरक्षा क्षमताएं किसी भी खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार और मजबूत हैं।

हमलों में अब तक कितने हथियारों को किया गया नाकाम?

UAE रक्षा मंत्रालय द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, 22 मार्च 2026 तक सुरक्षा बलों ने बड़ी संख्या में बाहरी हमलों को विफल किया है। इन हमलों में मुख्य रूप से ईरान की तरफ से भेजे गए ड्रोन और मिसाइलें शामिल थीं।

हथियार का प्रकार संख्या (इंटरसेप्शन)
ड्रोन (UAVs) 1,773
बैलिस्टिक मिसाइलें 345
क्रूज मिसाइलें 15
22 मार्च को गिराए गए ड्रोन 25

22 मार्च को एक ही लहर में 4 बैलिस्टिक मिसाइलों और 25 ड्रोन को मार गिराया गया। इससे पहले 19 और 20 मार्च को भी UAE ने अपनी सीमा की ओर बढ़ रहे 4 मिसाइल और 26 ड्रोन को नष्ट किया था।

जान-माल का नुकसान और प्रवासियों पर असर

इन हमलों के कारण कुछ दुखद घटनाएं भी हुई हैं और नागरिक बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है। दुबई के Sheikh Zayed Road जैसी व्यस्त जगहों पर मिसाइलों का मलबा गिरने से इमारतों को क्षति पहुंची है। प्रवासियों के लिए यह खबर महत्वपूर्ण है क्योंकि जान गंवाने वालों में कई अन्य देशों के नागरिक भी शामिल हैं।

  • सैनिकों की शहादत: ड्यूटी पर तैनात सेना के 2 जवान शहीद हुए हैं।
  • नागरिकों की मृत्यु: 6 से 8 नागरिकों की जान गई है, जिनमें पाकिस्तान, नेपाल, बांग्लादेश और फिलिस्तीन के नागरिक शामिल हैं।
  • घायलों की संख्या: अलग-अलग देशों के लगभग 158 से 160 लोग घायल हुए हैं।
  • सुरक्षा की स्थिति: सरकार ने कहा है कि एयर डिफेंस सिस्टम पूरी तरह सक्रिय है और देश की स्थिरता को बनाए रखने के लिए हर मुमकिन कोशिश की जा रही है।

मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि वे देश की संप्रभुता और सुरक्षा के खिलाफ किसी भी कदम का निर्णायक रूप से सामना करेंगे। आम लोगों और वहां रह रहे प्रवासियों को सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.