UAE में रहने वाले प्रवासियों और भारतीयों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। अब पासपोर्ट और डिग्री जैसे ज़रूरी कागज़ात को अटेस्ट कराने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। विदेश मंत्रालय (MoFA) एक नया डिजिटल सिस्टम ला रहा है जिससे यह पूरा काम मोबाइल या कंप्यूटर से घर बैठे ही हो जाएगा।
डिजिटल अटेस्टेशन क्या है और यह कैसे काम करेगा?
विदेश मंत्रालय 27 अप्रैल 2026 से इस नई सुविधा का ट्रायल शुरू करेगा। इस सिस्टम के तहत यूज़र्स अपने दस्तावेज़ों की PDF फाइलें मंत्रालय के पोर्टल या मोबाइल ऐप के ज़रिए जमा कर सकेंगे।
- QR कोड की सुविधा: हर सर्टिफाइड फाइल पर एक QR कोड होगा, जिसे विदेशी दूतावास स्कैन करके तुरंत दस्तावेज़ की असलियत जांच सकेंगे।
- UAE Pass की ज़रूरत: इस सेवा का इस्तेमाल करने के लिए यूज़र्स को UAE Pass के ज़रिए लॉगिन करना होगा।
- Salama AI की मदद: सरकार ने Salama AI नाम का एक स्मार्ट असिस्टेंट जोड़ा है, जो स्कैन किए गए दस्तावेज़ों को पहले चेक करेगा ताकि रिजेक्शन और बेकार के खर्च से बचा जा सके।
कौन से दस्तावेज़ होंगे शामिल और कितना समय लगेगा?
शुरुआती दौर में इस पायलट प्रोजेक्ट के तहत सिर्फ कुछ खास कागज़ातों को रखा गया है। इसमें पासपोर्ट, एकेडमिक डिप्लोमा और कमर्शियल इनवॉइस शामिल हैं। यूज़र्स एक आवेदन में अधिकतम 5 दस्तावेज़ अटेस्ट करा सकते हैं।
इस डिजिटल बदलाव से प्रवासियों को सबसे ज़्यादा फायदा समय की बचत में होगा। पहले जहाँ कागज़ात अटेस्ट कराने के लिए हफ्ते भर का इंतज़ार करना पड़ता था, अब यह काम दो वर्किंग डेज के अंदर पूरा हो जाएगा। साथ ही, प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए पहले के 8 स्टेप्स को घटाकर अब सिर्फ 3 कर दिया गया है।
यह सुविधा सिर्फ उन दस्तावेज़ों के लिए होगी जो UAE में जारी किए गए हैं और जिनमें QR कोड, बारकोड या रेफरेंस नंबर जैसी वेरिफिकेशन सुविधा मौजूद है।