UAE में रहने वाले लोगों के लिए एक अच्छी खबर है। सरकार ने यह पक्का करने के लिए एक नया प्रोग्राम शुरू किया है कि देश में जरूरी सामानों की कमी न हो। इस योजना को H.H. Sheikh Mohammed bin Rashid Al Maktoum ने 29 अप्रैल 2026 को मंजूरी दी है ताकि आर्थिक सुरक्षा बनी रहे और बाजार में सामानों का बहाव लगातार जारी रहे।
UAE के नए सप्लाई चेन प्लान में क्या खास है?
Minister of Foreign Trade, Dr. Thani bin Ahmed Al Zeyoudi ने बताया कि सरकार ने 150 से ज्यादा ऐसे जरूरी सामानों की पहचान की है जिनकी सप्लाई चेन को मजबूत करना बहुत जरूरी है। इस प्रोग्राम का मकसद यह है कि अगर दुनिया में कहीं भी राजनीतिक तनाव या आर्थिक उथल-पुथल हो, तो भी UAE में खाने-पीने की चीजों, दवाइयों और औद्योगिक सामानों की कमी न हो। इसके लिए सरकार अब अलग-अलग देशों से सामान मंगाने और देश के अंदर ही सामान बनाने पर जोर दे रही है।
सप्लाई चेन मजबूत करने के लिए सरकार ने क्या इंतजाम किए?
सरकार ने इस लक्ष्य को पाने के लिए कई बड़े कदम उठाए हैं। इसमें भारी निवेश और नए नियमों को लागू करना शामिल है। नीचे दी गई टेबल से आप इस पूरे प्लान की मुख्य बातें समझ सकते हैं:
| तारीख / योजना | मुख्य विवरण |
|---|---|
| 26 अप्रैल 2026 | National Industrial Resilience Fund को मंजूरी मिली, जिसका बजट 1 बिलियन AED है। |
| 29 अप्रैल 2026 | National Programme to Strengthen Supply Chain Resilience को मंजूरी मिली। |
| 4 मई 2026 | Make it in the Emirates 2026 प्लेटफॉर्म लॉन्च होगा, जो निवेशकों को आकर्षित करेगा। |
| मुख्य लक्ष्य | करीब 5,000 क्रिटिकल प्रोडक्ट्स का निर्माण UAE के अंदर ही करना। |
| नया नियम | सरकारी कंपनियों के लिए National In-Country Value (ICV) प्रोग्राम अनिवार्य किया गया है। |
इसके अलावा, सरकार ने एक National Industrial Data Committee भी बनाई है जो जरूरी डेटा इकट्ठा करेगी। साथ ही, दुकानों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर UAE में बने सामानों को ज्यादा जगह देने की नीति बनाई गई है ताकि स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा मिले और बाजार स्थिर रहे।
Frequently Asked Questions (FAQs)
UAE के इस नए प्रोग्राम का आम लोगों और प्रवासियों पर क्या असर होगा?
इस प्रोग्राम से बाजार में जरूरी सामानों की उपलब्धता बनी रहेगी और अचानक होने वाली किल्लत का डर खत्म होगा। इससे सामानों की कीमतों में स्थिरता आएगी जो खासतौर पर प्रवासियों और आम ग्राहकों के लिए फायदेमंद होगा।
सरकार ने स्थानीय उत्पादन को बढ़ाने के लिए क्या कदम उठाए हैं?
सरकार ने 1 बिलियन AED का नेशनल इंडस्ट्रियल रेजिलिएंस फंड बनाया है और 5,000 से ज्यादा जरूरी प्रोडक्ट्स को देश के अंदर ही बनाने का लक्ष्य रखा है। साथ ही सरकारी संस्थाओं के लिए स्थानीय सामान खरीदना अनिवार्य किया गया है।