UAE सरकार ने यहाँ काम करने वाले प्रवासियों और मजदूरों की सुविधा के लिए कई बड़े फैसले लिए हैं। इन नियमों का सीधा असर भारत समेत अन्य देशों से आए लाखों वर्कर्स पर पड़ेगा। अब उनकी सेहत, सुरक्षा और सैलरी को लेकर कड़े नियम लागू कर दिए गए हैं ताकि उन्हें एक बेहतर माहौल मिल सके।
दोपहर की छुट्टी और गर्मी से बचाव
UAE में 15 जून 2026 से 15 सितंबर 2026 तक ‘मिडडे ब्रेक’ (Midday Break) लागू कर दिया गया है। इस नियम के तहत दोपहर 12:30 बजे से 3:00 बजे तक सीधी धूप में बाहर काम करना पूरी तरह मना है। डिलीवरी करने वाले वर्कर्स की सुविधा के लिए पूरे देश में 12,000 से ज्यादा एयर-कंडीशन्ड रेस्ट स्टेशन बनाए गए हैं। जो कंपनियां इस नियम को तोड़ेंगी, उन पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा।
सैलरी मिलने की तारीख तय
Ministry of Human Resources and Emiratisation (MoHRE) ने वेतन भुगतान के लिए नया नियम लागू किया है। 1 जून 2026 से अब हर महीने की पहली तारीख को सैलरी देना जरूरी होगा। अगर कंपनी इस तारीख के बाद पैसा देती है, तो उसे देरी माना जाएगा। कंपनियों के लिए अब 85 प्रतिशत कुल वेतन समय पर देना अनिवार्य कर दिया गया है।
मालिकों की जिम्मेदारियां और सुरक्षा
1 मई 2026 से लागू नए फ्रेमवर्क के तहत कंपनियों के लिए 12 मुख्य जिम्मेदारियां तय की गई हैं। MoHRE के मुताबिक अब मालिकों को ये सुविधाएं देना जरूरी होगा:
- काम के दौरान चोट लगने या बीमार होने पर इलाज का पूरा खर्च कंपनी को उठाना होगा।
- रिकवरी के दौरान जब वर्कर काम पर नहीं लौट पाता, तो उसे आंशिक वेतन देना होगा।
- काम की जगह पर सुरक्षा उपकरण देना और खतरों की जानकारी वर्कर की अपनी भाषा में देनी होगी।
- खतरनाक जगहों पर चेतावनी के बोर्ड लगाना जरूरी होगा।
रहने की जगह में सुधार
25 मई 2026 से लेबर कैंप या रहने की जगहों के लिए नए नियम आए हैं। अब वर्कर्स के लिए फ्री इंटरनेट देना जरूरी है। साथ ही, जहां 1,000 से ज्यादा वर्कर्स रहते हैं, वहां 24 घंटे चलने वाला मेडिकल क्लिनिक, खेल की सुविधा और बैंक जैसी सेवाएं देना अनिवार्य है।
इसके अलावा, 27 मार्च 2026 को MoHRE और NCEMA ने मिलकर वर्कर्स के लिए एक गाइड भी जारी की है। इसमें कचरा हटाने, अलर्ट मिलने पर क्या करना है और गलत खबरों से बचने के तरीके बताए गए हैं। सुरक्षा जांच के लिए अब AI जैसी नई तकनीक का भी इस्तेमाल किया जा रहा है।