यूएई में प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों और भारतीय प्रवासियों के लिए एक बड़ी खबर आई है. मानव संसाधन और अमीरात मंत्रालय (MOHRE) ने सैलरी भुगतान को लेकर एक नया आदेश जारी किया है. 1 जून, 2026 से नया वेतन नियम लागू होने जा रहा है, जिसके तहत नियोक्ताओं को हर महीने की पहली तारीख को ही कर्मचारियों की सैलरी का भुगतान करना होगा. इस बदलाव से कामगारों को समय पर पैसा मिलना सुनिश्चित होगा.

क्या है यूएई का नया सैलरी नियम और कब से होगा लागू?

यूएई सरकार के नए फैसले के अनुसार, निजी क्षेत्र की कंपनियों को अपने कर्मचारियों का वेतन प्रत्येक ग्रेगोरियन महीने की पहली तारीख तक देना होगा. नया नियम 1 जून, 2026 से पूरी तरह प्रभावी हो जाएगा. पहले कंपनियों को सैलरी भुगतान के लिए 15 दिनों की छूट मिलती थी, जिसे अब नए नियम के तहत समाप्त कर दिया गया है. अब पहली तारीख के बाद किया गया कोई भी भुगतान देरी से किया गया माना जाएगा और कंपनी के खिलाफ तुरंत कार्रवाई शुरू होगी. यह भुगतान वेज प्रोटेक्शन सिस्टम (WPS) के माध्यम से करना अनिवार्य है.

सैलरी देने में देरी करने पर क्या होगी सजा?

सैलरी ट्रांसफर करने में देरी करने वाली कंपनियों पर सरकार ने सख्त रुख अपनाने का फैसला किया है. नियमों का पालन न करने वाली कंपनियों पर समय-सीमा के अनुसार निम्नलिखित कार्रवाई की जाएगी:

  • दूसरे दिन: वेतन न मिलने के दूसरे दिन ही कंपनी को इलेक्ट्रॉनिक चेतावनी भेजी जाएगी.
  • पांचवें दिन: पांचवें दिन से कंपनी के नए वर्क परमिट जारी करने पर रोक लगा दी जाएगी.
  • ग्यारहवें दिन: ग्यारहवें दिन से कंपनी पर प्रशासनिक जुर्माना लगाया जाएगा और उसका दर्जा कम कर दिया जाएगा.
  • सोलहवें दिन: सोलहवें दिन से श्रम विवाद का पंजीकरण शुरू कर दिया जाएगा.
  • इक्कीसवें दिन: इक्कीसवें दिन से कानूनी कार्रवाई शुरू होगी, जिसमें भारी जुर्माना, जिम्मेदार व्यक्तियों पर यात्रा प्रतिबंध और लोक अभियोजन शामिल हो सकता है.

नियमों के दायरे में कौन सी कंपनियां और कर्मचारी आएंगे?

यह नियम मंत्रालय के साथ रजिस्टर्ड सभी निजी क्षेत्र की कंपनियों और दुबई मल्टी कमोडिटीज सेंटर व जेबेल अली फ्री ज़ोन जैसे प्रमुख फ्री ज़ोन पर लागू होगा. हालांकि, जिन कर्मचारियों के अदालती मामले चल रहे हैं, जो बिना वेतन के छुट्टी पर हैं या जो भगोड़े घोषित हैं, उन्हें इस दायरे से बाहर रखा गया है. इसके अलावा, विदेशों में काम करने वाले विदेशी फर्मों के कर्मचारी भी इस नियम के दायरे में नहीं आएंगे. विशेषज्ञों ने कंपनियों को सलाह दी है कि वे कानूनी पेचीदगियों से बचने के लिए महीने की 26वीं से 29वीं तारीख के बीच ही वेतन का भुगतान करने का लक्ष्य रखें.

Frequently Asked Questions (FAQs)

यूएई में नया सैलरी नियम कब से लागू हो रहा है?

यूएई में नया वेतन नियम 1 जून, 2026 से लागू होगा, जिसके तहत कंपनियों को हर महीने की पहली तारीख तक सैलरी देनी होगी.

सैलरी में देरी होने पर कंपनियों पर क्या जुर्माना लगेगा?

देरी होने पर दूसरे दिन चेतावनी, पांचवें दिन नए वर्क परमिट का निलंबन, ग्यारहवें दिन प्रशासनिक जुर्माना और 21वें दिन यात्रा प्रतिबंध जैसी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

क्या सैलरी भुगतान के लिए कोई छूट अवधि मिलेगी?

नहीं, पहले मिलने वाली 15 दिनों की छूट अवधि को अब समाप्त कर दिया गया है. अब पहली तारीख के बाद किया गया कोई भी भुगतान विलंबित माना जाएगा.