UAE ने एक बार फिर गाजा के लोगों की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। ‘ऑपरेशन शिवालरस नाइट 3’ के तहत इस हफ्ते तीन बड़े सहायता काफिले गाजा पट्टी में दाखिल हुए हैं। इन काफिलों में 42 ट्रक थे जिनमें 544 टन खाने-पीने का सामान और रहने के लिए जरूरी मदद भेजी गई है ताकि वहां के मुश्किल हालात में लोगों को राहत मिल सके।

मिस्र के साथ मिलकर किया जा रहा इंतजाम

मदद पहुंचाने का यह सारा काम मिस्र के अल अरिश शहर में बने UAE Humanitarian Aid Logistics Centre के जरिए किया जा रहा है। यहाँ की टीम लगातार सामान तैयार करने और उसे गाजा भेजने का काम कर रही है। इस मिशन में मिस्र की सरकार और वहां की प्राइवेट कंपनियों का पूरा साथ मिल रहा है, जिससे सहायता सामग्री को सही तरीके से लोड करके जरूरतमंदों तक पहुंचाया जा रहा है।

पानी और इलाज के लिए खास इंतजाम

सिर्फ राशन ही नहीं, UAE पानी और सेहत का भी ख्याल रख रहा है। राफ़ह में लगे 6 बड़े प्लांट हर दिन करीब 20 लाख गैलन पानी बना रहे हैं, जिसे पाइपलाइन के जरिए खान यूनिस तक भेजा जा रहा है। साथ ही, International Charity Organisation (ICO) के साथ मिलकर ‘Step of Hope’ प्रोग्राम शुरू किया गया है, जिसके तहत घायल और विस्थापित लोगों को नकली हाथ-पैर (prosthetic limbs) दिए जा रहे हैं।

इलाज के लिए अल अरिश में UAE Floating Hospital काम कर रहा है। इस अस्पताल ने अब तक 90 मरीजों का इलाज किया है, जिनमें से 5 नए मरीज हाल ही में राफ़ह बॉर्डर के जरिए वहां पहुंचे हैं। यहाँ जांच, सर्जरी और डायलिसिस जैसी सुविधाएं मुफ्त दी जा रही हैं।

करोड़ों की आर्थिक मदद

Emirates Red Crescent (ERC) ने इस मिशन के लिए 36.7 मिलियन दिरहम (लगभग 9.9 मिलियन डॉलर) की राशि तय की है। इस बजट से 1 लाख 60 हजार से ज्यादा फूड बास्केट और 40 हजार हेल्थ किट बांटी जा रही हैं। यह पूरा अभियान राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के निर्देशों पर चलाया जा रहा है ताकि गाजा के लोगों का दुख कम किया जा सके।