UAE और Qatar ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए एक बड़ा समझौता किया है। दोनों देशों के गृह मंत्रालय ने डेटा और जानकारी की सुरक्षा के लिए एक MoU साइन किया है। इस कदम से दोनों देशों के बीच सुरक्षा प्रोजेक्ट्स में काम करना और आसान हो जाएगा।
दोहा में हुआ अहम समझौता
यह समझौता 17 जून 2026 को दोहा में हुआ। UAE गृह मंत्रालय की ओर से मेजर जनरल Khalifa Harib Al Khaili और Qatar गृह मंत्रालय की ओर से Abdullah bin Khalaf bin Hattab Al-Kaabi ने इस दस्तावेज पर दस्तखत किए। इस मुलाकात का मकसद दोनों देशों के बीच सुरक्षा सहयोग और तालमेल को बढ़ाना था।
इन 6 प्रोजेक्ट्स पर होगा काम
इस MoU के तहत मुख्य रूप से छह प्रोजेक्ट्स को शामिल किया गया है, जो आम लोगों और प्रशासन के लिए मददगार होंगे:
- नेटवर्क को आपस में जोड़ना (Network linkage)
- ट्रैफिक उल्लंघन के लिए दोनों देशों का इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम एक करना
- ट्रैफिक सिस्टम का आपस में कनेक्शन बनाना
- ट्रैफिक चालान के पैसों की वसूली और ट्रांसफर की प्रक्रिया को आसान बनाना
- डिपोर्ट किए गए लोगों के डेटा और फिंगरप्रिंट का डिजिटल आदान-प्रदान
- अज्ञात फिंगरप्रिंट्स की जानकारी का इलेक्ट्रॉनिक एक्सचेंज
सरकार का लक्ष्य है कि नई टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके सुरक्षा सूचनाओं के आदान-प्रदान को तेज किया जाए। इससे दोनों देशों में सुरक्षा और स्थिरता बढ़ेगी और सरकारी सेवाओं का तालमेल और बेहतर होगा।