संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में रमजान का महीना सिर्फ इबादत का नहीं, बल्कि पुरानी परंपराओं को जीने का भी वक्त होता है। यहाँ इफ्तार के समय तोप (Ramadan Cannon) चलाने की रस्म बहुत खास मानी जाती है। साल 2026 में 18 फरवरी से रमजान शुरू होने के साथ ही यह तोपें फिर से गूंजने लगी हैं। दुबई, शारजाह और अबु धाबी में हजारों लोग इसे देखने के लिए इकट्ठा हो रहे हैं। यह परंपरा अब सिर्फ वक्त बताने का जरिया नहीं, बल्कि आपसी भाईचारे का प्रतीक बन गई है।

मिस्र से शुरू होकर UAE तक कैसे पहुंची यह रस्म

इफ्तार तोप का इतिहास काफी दिलचस्प है। माना जाता है कि इसकी शुरुआत 19वीं सदी में मिस्र (Egypt) से हुई थी, जब वहां के शासक ने गलती से इफ्तार के समय तोप चला दी थी। लोगों को लगा कि यह रोज़ा खोलने का इशारा है और उन्हें यह तरीका पसंद आया। UAE में शारजाह ने सबसे पहले 1930 के दशक में इसे अपनाया था। बाद में 1960 के दशक में दुबई पुलिस ने इसे अपनी जिम्मेदारी में ले लिया। उस समय लाउडस्पीकर हर जगह नहीं थे, इसलिए तोप की आवाज़ से लोगों को पता चलता था कि सूरज ढल चुका है।

इस साल इन जगहों पर मुफ्त में देख सकेंगे तोप

साल 2026 में दुबई और आसपास के इलाकों में तोप देखने के लिए कोई टिकट नहीं लगता है। दुबई में इस बार Jumeirah Beach Residence (JBR) पर 10 साल बाद तोप की वापसी हुई है। इसके अलावा Expo City, Burj Khalifa और Dubai Festival City में भी फिक्स पॉइंट बनाए गए हैं। एक चलती-फिरती तोप (Mobile Cannon) भी है जो Zabeel Park और Hatta जैसी 17 जगहों पर जाएगी। अबु धाबी में Sheikh Zayed Grand Mosque और शारजाह में Al Majaz Waterfront प्रमुख स्थान हैं।

देखने जाने वालों के लिए जरूरी बातें

अगर आप परिवार के साथ यह नज़ारा देखने जा रहे हैं, तो सूर्यास्त से कम से कम 20-30 मिनट पहले पहुँच जाएँ क्योंकि वहाँ काफी भीड़ होती है। सुरक्षा के लिए तोपों में खाली कारतूस (Blank Cartridges) का इस्तेमाल होता है, इसलिए इससे कोई खतरा नहीं होता। दुबई पुलिस और विशेष यूनिट्स इसे पूरी सावधानी से चलाती हैं। ध्यान रखें कि रमजान के दौरान सार्वजनिक जगहों पर खाने-पीने और पहनावे से जुड़े नियमों का पालन करना जरूरी है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.