अगर आप UAE में काम कर रहे हैं और आपकी कंपनी सैलरी देने में देरी कर रही है, तो अब डरने की बात नहीं है। सरकार ने कर्मचारियों के हक के लिए बहुत सख्त नियम बनाए हैं। आप अपनी सैलरी वापस पाने के लिए कानूनी रास्ता अपना सकते हैं और आपकी नौकरी या वीज़ा पर इसका तुरंत बुरा असर नहीं होगा।

सैलरी न मिलने पर सबसे पहले क्या करें

सबसे पहले अपनी कंपनी या HR विभाग को ईमेल या WhatsApp के ज़रिए लिखित में सैलरी के बारे में याद दिलाएं। इस बात का खास ख्याल रखें कि आपके पास इन सभी बातचीत का रिकॉर्ड रहे। अगर इसके बाद भी पैसा नहीं मिलता है, तो आप सीधे MOHRE (मानव संसाधन और अमीरात मंत्रालय) में शिकायत दर्ज करा सकते हैं। यह शिकायत आप उनके ऐप, वेबसाइट या हेल्पलाइन नंबर 80084 या 600590000 पर कर सकते हैं। शिकायत के समय अपना पासपोर्ट, कॉन्ट्रैक्ट और बैंक स्टेटमेंट जैसे ज़रूरी दस्तावेज़ तैयार रखें।

पैसे की रिकवरी और कानूनी नियम

UAE सरकार ने सैलरी के दावों के लिए अलग-अलग नियम तय किए हैं ताकि कर्मचारियों को जल्दी न्याय मिल सके। नीचे दी गई टेबल में पूरी जानकारी दी गई है:

दावे की राशि प्रक्रिया विशेष नियम
AED 50,000 तक MOHRE सीधा फैसला लेगा कोर्ट जाने की ज़रूरत नहीं होगी
AED 50,000 से ज़्यादा 14 दिन की मध्यस्थता सहमति न बनने पर श्रम न्यायालय जाएगा
AED 100,000 से कम कोर्ट केस कर्मचारी को कोई अदालती शुल्क नहीं देना होगा
वेतन की समय-सीमा 15 दिन की देरी नियोक्ता को कानूनी तौर पर डिफॉल्ट माना जाएगा
अंतिम निपटान 14 दिन के भीतर नौकरी छोड़ने पर ग्रेच्युटी और बकाया भुगतान ज़रूरी
पेमेंट सिस्टम WPS अनिवार्य बिना WPS पेमेंट करने पर कंपनी पर जुर्माना लगेगा

वीज़ा सुरक्षा और फ्री ज़ोन के नियम

कई कर्मचारियों को डर रहता है कि शिकायत करने पर उनका वीज़ा रद्द हो जाएगा, लेकिन ऐसा नहीं है। शिकायत दर्ज करने के बाद आपका वीज़ा तुरंत कैंसल नहीं होता और केस चलने तक आपको कानूनी सुरक्षा मिलती है। इसके अलावा, MOHRE आपकी पहचान गुप्त रखता है ताकि कंपनी आपसे कोई बदला न ले सके।

अगर आप किसी फ्री ज़ोन कंपनी में काम करते हैं, तो आपको पहले अपने फ्री ज़ोन के विवाद कार्यालय में शिकायत करनी होगी। वहां बात न बनने पर फ्री ज़ोन आपको एक NOC देगा, जिसके बाद ही आप अपना मामला श्रम न्यायालय में ले जा सकते हैं। अगर कंपनी गलत पाई जाती है, तो उस पर भारी जुर्माना लग सकता है और उसकी नई भर्ती पर रोक भी लगाई जा सकती है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.