UAE में सैलरी पेमेंट पर सख्त नियम, समय पर वेतन न देने वाली कंपनियों पर होगी कार्रवाई, जानिए नए नियम
UAE के जॉब मार्केट में स्थिरता बनी हुई है और सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि कर्मचारियों को उनकी सैलरी समय पर मिले। अबू धाबी के अधिकारियों ने कंपनियों को चेतावनी दी है कि वे वेतन में किसी भी तरह की देरी या कटौती न करें। यह कदम वहां काम करने वाले प्रवासियों और स्थानीय लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए उठाया गया है।
🚨: ईरान का बड़ा फैसला, अब सभी स्तरों पर ऑनलाइन होगी पढ़ाई, अगली सूचना तक घर से ही पढ़ेंगे बच्चे।
सैलरी पेमेंट और कटौती को लेकर क्या हैं नए नियम?
अबू धाबी रजिस्ट्रेशन अथॉरिटी (ADRA) और डिपार्टमेंट ऑफ इकोनॉमिक डेवलपमेंट (DED) ने 6 अप्रैल 2026 को एक सर्कुलर जारी किया। इसमें साफ कहा गया है कि सभी कंपनियां कर्मचारियों की सैलरी बिना किसी देरी के दें। कानून के अलावा किसी भी वजह से वेतन में कटौती करना मना है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि आर्थिक या क्षेत्रीय स्थितियों का बहाना बनाकर सैलरी रोकना कानूनी रूप से गलत होगा।
Emirati कर्मचारियों की सैलरी में क्या बदलाव हुआ है?
MoHRE ने 1 जनवरी 2026 से निजी क्षेत्र में काम करने वाले Emirati नागरिकों की न्यूनतम मासिक सैलरी बढ़ाकर 6,000 AED कर दी है। यह नियम नए और पुराने दोनों तरह के वर्क परमिट पर लागू होगा। पुराने कर्मचारियों की सैलरी को 30 जून 2026 तक इस नए स्तर पर लाना होगा। अगर कंपनियां ऐसा नहीं करती हैं, तो 1 जुलाई 2026 से उन पर जुर्माना लगाया जाएगा।
नियमों और तारीखों की पूरी जानकारी
| तारीख/विषय | मुख्य जानकारी |
|---|---|
| 6 अप्रैल 2026 | अबू धाबी प्रशासन का सैलरी समय पर देने का आदेश |
| 1 जनवरी 2026 | Emirati नागरिकों की न्यूनतम सैलरी 6,000 AED हुई |
| 30 जून 2026 | पुरानी सैलरी को एडजस्ट करने की आखिरी तारीख |
| 1 जुलाई 2026 | नियम न मानने वाली कंपनियों पर जुर्माना शुरू |
| WPS सिस्टम | सैलरी भुगतान के लिए अनिवार्य डिजिटल सिस्टम |
| जुर्माना 1 | नए वर्क परमिट जारी होने पर रोक |
| जुर्माना 2 | Emiratisation कोटा से कर्मचारियों को बाहर करना |