यूएई की सुरक्षा एजेंसियों ने देश की शांति भंग करने की एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। इस ऑपरेशन में कई संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जिनका संबंध ईरान की विचारधारा से बताया जा रहा है। यूएई सरकार ने साफ कर दिया है कि वह आतंकवाद और चरमपंथ के खिलाफ मजबूती से मुकाबला करेगी।

यूएई में क्या थी आतंकी साजिश और किसने किया नाकाम

20-21 अप्रैल 2026 को यूएई के स्टेट सिक्योरिटी डिपार्टमेंट ने एक बड़ी तोड़फोड़ की योजना को विफल किया। पकड़े गए लोग ईरान की ‘विलायत अल-फकीह’ विचारधारा से जुड़े थे और विदेशी ताकतों के इशारे पर काम कर रहे थे। ये लोग देश के संवेदनशील इलाकों की रेकी कर रहे थे और युवाओं के दिमाग में भ्रामक विचार फैला रहे थे ताकि राष्ट्रीय एकता को नुकसान पहुंचाया जा सके।

शेख अब्दुल्ला बिन जायद और अन्य देशों का क्या कहना है

उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री Sheikh Abdullah bin Zayed Al Nahyan ने कहा कि यूएई शांति और सहिष्णुता का वैश्विक उदाहरण बना रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुरक्षा और स्थिरता को नुकसान पहुंचाने वाली किसी भी कोशिश को स्वीकार नहीं किया जाएगा। इस बीच, कुवैत के विदेश मंत्री Sheikh Jarrah Jaber Al Ahmed Al Sabah ने फोन पर यूएई के साथ अपनी एकजुटता जताई और सुरक्षा के लिए उठाए गए कदमों का समर्थन किया। मिस्र ने भी यूएई प्रशासन की सतर्कता की तारीफ की है।

सुरक्षा को लेकर यूएई सरकार की तैयारी

राष्ट्रपति Sheikh Mohamed bin Zayed Al Nahyan ने मार्च 2026 में कहा था कि लोगों की सुरक्षा सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है और यूएई खतरों से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। यूएई ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में ईरान के हमलों की निंदा करने वाले प्रस्ताव का भी स्वागत किया था। अब सरकार अपनी सीमाओं और आंतरिक सुरक्षा को लेकर पहले से ज्यादा सतर्क है ताकि प्रवासियों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा बनी रहे।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com