दुबई या यूएई (UAE) से भारत वापस आने वाले हर भारतीय के मन में सोने को लेकर सवाल जरूर होता है। सोना सस्ता होने की वजह से लोग इसे खरीदना पसंद करते हैं, लेकिन एयरपोर्ट पर कस्टम ड्यूटी के नियमों की जानकारी न होने पर भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। अगर आप भी अपने बैग में गोल्ड ज्वेलरी या बिस्किट लेकर आ रहे हैं, तो सरकार द्वारा तय की गई लिमिट को जान लेना बेहद जरूरी है।

कितना सोना बिना टैक्स के ला सकते हैं?

भारत सरकार के नियमों के मुताबिक, अगर कोई भारतीय नागरिक कम से कम 6 महीने विदेश में रहकर वापस आ रहा है, तो वह अपने साथ एक तय सीमा तक सोना ला सकता है जिस पर कोई कस्टम ड्यूटी नहीं लगती। यह छूट केवल सोने के गहनों (Jewellery) पर मिलती है।

यात्री (Passenger) सोने की मात्रा (Weight) अधिकतम वैल्यू (Max Value)
पुरुष (Male) 20 ग्राम ₹50,000
महिला (Female) 40 ग्राम ₹1,00,000

बच्चों के लिए क्या है नियम?

नियमों के अनुसार, 12 साल से कम उम्र के बच्चों पर भी यही नियम लागू होता है। अगर बच्चा 6 महीने से ज्यादा समय तक विदेश में रहा है, तो वह भी 40 ग्राम (अगर लड़की है) या 20 ग्राम (अगर लड़का है) सोना ला सकता है। लेकिन शर्त यही है कि सोना गहनों के रूप में होना चाहिए।

लिमिट से ज्यादा सोना लाने पर कितना टैक्स?

अगर आप तय सीमा से ज्यादा सोना लाते हैं, तो आपको एयरपोर्ट पर ‘Red Channel’ से गुजरना होगा और कस्टम ड्यूटी चुकानी होगी। यदि आप 6 महीने से अधिक समय तक विदेश में रहे हैं, तो 1 किलोग्राम तक एक्स्ट्रा सोने पर लगभग 13.75% ड्यूटी लगती है। अगर आप 6 महीने से कम समय में वापस आ रहे हैं, तो यह ड्यूटी बहुत ज्यादा (लगभग 38.50%) हो सकती है।

गोल्ड बार और सिक्कों पर नहीं मिलती छूट

अक्सर लोग गलती करते हैं कि वे बिस्किट या सिक्के (Bars/Coins) खरीद लेते हैं। ध्यान दें कि ड्यूटी-फ्री अलाउंस सिर्फ गहनों पर है। अगर आप गोल्ड बार या सिक्का लाते हैं, तो उस पर आपको पूरा टैक्स देना होगा, चाहे उसका वजन कितना भी कम क्यों न हो। इसके लिए आपके पास खरीदारी की रसीद (Invoice) होना जरूरी है।

बिना बताए सोना लाने पर क्या होगा?

अगर कोई यात्री लिमिट से ज्यादा सोना लाता है और उसे डिक्लेयर नहीं करता है, तो कस्टम एक्ट 1962 के तहत कार्यवाही हो सकती है। ऐसी स्थिति में सोना जब्त किया जा सकता है और भारी जुर्माना भी लगाया जा सकता है। इसलिए सलाह दी जाती है कि हमेशा नियमों का पालन करें और रसीद साथ रखें।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.