UAE और अमेरिका के बीच करेंसी स्वैप पर चर्चा, डॉलर की कमी से बढ़ी चिंता, चीन के युआन का दे सकता है सहारा

अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने संकेत दिया है कि उनका प्रशासन UAE की मदद के लिए करेंसी स्वैप पर विचार कर रहा है। ईरान के साथ बढ़ते तनाव की वजह से UAE की अर्थव्यवस्था पर दबाव पड़ा है और डॉलर की कमी महसूस हो रही है। UAE सेंट्रल बैंक ने डॉलर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए अमेरिका से संपर्क किया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि वे अपने सहयोगी देश की मदद करने के लिए तैयार हैं।

UAE ने अमेरिका से क्यों मांगी मदद और क्या था जवाब?

UAE सेंट्रल बैंक के गवर्नर खालिद मोहम्मद बलामा ने पिछले हफ्ते वॉशिंगटन में फेडरल रिजर्व के अधिकारियों और ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेंट के साथ बैठक की। इस मीटिंग में मुद्रा स्वैप लाइन की संभावना पर चर्चा हुई। हालांकि, व्हाइट हाउस के नेशनल इकोनॉमिक काउंसिल के निदेशक केविन हैसेट ने 20 अप्रैल 2026 को कहा कि फिलहाल करेंसी स्वैप लाइन की संभावना कम है। उन्होंने UAE को एक मूल्यवान सहयोगी बताया और भरोसा दिलाया कि जरूरत पड़ने पर ट्रेजरी सहायता प्रदान करेगा।

ईरान तनाव का असर और चीन के युआन का खतरा

UAE अधिकारियों का कहना है कि ईरान के साथ चल रहे संघर्ष ने उनके तेल और गैस बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचाया है। होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिए होने वाले तेल निर्यात में दिक्कत आने से डॉलर की कमाई पर असर पड़ा है। UAE ने अमेरिका को यह भी सूचित किया है कि अगर डॉलर की कमी बनी रही, तो वे तेल बेचने और अन्य लेन-देन के लिए चीनी युआन या अन्य मुद्राओं का इस्तेमाल करने को मजबूर हो सकते हैं।

UAE की वित्तीय स्थिति और हालिया अपडेट

मौजूदा संकट और वित्तीय लेन-देन से जुड़ी कुछ मुख्य जानकारियां नीचे दी गई हैं:

विवरण जानकारी
मुख्य अनुरोध करेंसी स्वैप (मुद्रा विनिमय) सहायता
वजह ईरान तनाव और डॉलर की कमी
पाकिस्तान से वापसी 2 बिलियन डॉलर (19 अप्रैल 2026)
वैकल्पिक मुद्रा चीनी युआन (Petroyuan)
प्रभावित क्षेत्र तेल और गैस बुनियादी ढांचा
प्रमुख बैठक वॉशिंगटन में फेडरल रिजर्व के साथ
अमेरिकी प्रतिक्रिया औपचारिक स्वैप लाइन की संभावना कम