सऊदी अरब, यूएई और अन्य खाड़ी देशों के लिए Strait of Hormuz एक बहुत ही महत्वपूर्ण समुद्री रास्ता है। ईरान की तरफ से इस रास्ते पर लगातार मिल रही धमकियों और हमलों के बीच इंटरनेशनल मैरीटाइम ऑर्गेनाइजेशन (IMO) ने एक बड़ा फैसला लिया है। यूएई (UAE) की तरफ से पेश किए गए सुरक्षा संबंधी एक प्रस्ताव को सहमति मिल गई है, जिसका उद्देश्य इस समुद्री क्षेत्र में व्यापारिक जहाजों और नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। इस फैसले का यूएई ने पुरजोर स्वागत किया है।
ईरान के हमलों से 11 नाविकों की मौत और 20 हजार से ज्यादा फंसे
इंटरनेशनल मैरीटाइम ऑर्गेनाइजेशन (IMO) की मैरीटाइम सेफ्टी कमेटी (MSC) ने लंदन में आयोजित अपने 111वें सत्र के दौरान इस प्रस्ताव को मंजूरी दी। यूएई द्वारा तैयार किए गए इस प्रस्ताव का कई अन्य सदस्य देशों ने भी समर्थन किया। रिपोर्ट के अनुसार, ईरान द्वारा Strait of Hormuz और उसके आसपास ड्रोन, मिसाइल और समुद्री बारूदी सुरंगों (sea mines) का इस्तेमाल करने पर गहरी चिंता जताई गई है। ईरान के इन हमलों के कारण अब तक कम से कम 11 नाविकों की जान जा चुकी है और 20,000 से अधिक नाविक समुद्र में फंस गए हैं। यह व्यापारिक जहाजों के लिए एक बड़ा संकट बन गया था।
खाड़ी देशों ने खारिज किया ईरान का नया नियम और रूट
ईरान ने हाल ही में Strait of Hormuz से गुजरने वाले जहाजों के लिए एकतरफा नियम बनाने की कोशिश की थी। ईरान की ‘पर्सियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी’ ने एक नया जोन घोषित कर दावा किया था कि इस रास्ते से गुजरने के लिए अब उनसे अनुमति और तालमेल की जरूरत होगी। यूएई, बहरीन, कुवैत, कतर और सऊदी अरब ने मिलकर ईरान के इस नए नियम और तथाकथित ‘वैकल्पिक मार्ग’ को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। खाड़ी देशों ने एक संयुक्त बयान में साफ कहा कि ईरान का यह कदम अंतरराष्ट्रीय कानूनों और पड़ोसी देशों की संप्रभुता का उल्लंघन है।
नाविकों और व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा के लिए उठाए जाएंगे कदम
इस नए प्रस्ताव के तहत सभी सदस्य देशों से समुद्री सुरक्षा बनाए रखने के लिए मिलकर काम करने की अपील की गई है। इसके साथ ही अरब सागर और ओमान की खाड़ी में व्यापारिक जहाजों को बिना किसी रोक-टोक के सुरक्षित रास्ता देने की बात कही गई है। यूएई की राज्य मंत्री लाना नुसेइबेह ने भी इस संबंध में आईएमओ के महासचिव आर्सेनियो डोमिंगुएज़ से मुलाकात कर ईरान के हमलों से पैदा हुए सुरक्षा खतरों पर चर्चा की थी। हालांकि, ईरान ने आईएमओ को सौंपे दस्तावेजों में इन दावों का विरोध किया है और इस क्षेत्र में तनाव के लिए अमेरिकी और इजरायली सेना को जिम्मेदार ठहराया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
IMO ने समुद्री सुरक्षा को लेकर क्या प्रस्ताव पास किया है?
IMO की मैरीटाइम सेफ्टी कमेटी ने यूएई द्वारा प्रस्तावित प्रस्ताव को मंजूरी दी है, जो Strait of Hormuz और खाड़ी क्षेत्र में जहाजों और नाविकों की सुरक्षा बढ़ाने तथा ईरान के खतरों से निपटने के लिए बनाया गया है।
खाड़ी देशों ने ईरान के किस दावे का संयुक्त रूप से विरोध किया है?
यूएई, सऊदी अरब, बहरीन, कुवैत और कतर ने ईरान के ‘वैकल्पिक मार्ग’ और ‘पर्सियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी’ बनाने के दावे को खारिज किया है, क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय समुद्री नियमों के खिलाफ है।
